ऑलवेदर रोड परियोजना के प्रभावितों को मुआवजे की मांग को लेकर चारधाम विकास परियोजना संघर्ष समिति के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी से भेंट की। उन्होंने कहा कि परियोजना के तहत रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड हाईवे के चौड़ीकरण के लिए दो वर्ष पूर्व भूमि अधिगृहीत किए जाने के बाद भी कई प्रभावितों को मुआवजा नहीं मिल पाया है। इस कारण वे मानसिक रूप से परेशान हैं। समिति के अध्यक्ष मोहित डिमरी का कहना है कि सरकार व प्रशासन के लचर रवैए के कारण प्रभावित बुरे दौर से गुजर रहे हैं। मुआवजा के अभाव में न तो वे आगे की योजना बना पा रहे हैं और न टूटी संपत्तियों की मरम्मत कर पा रहे हैं। वहीं जिलाधिकारी मनुज गोयल ने प्रतिनिधिमंडल को बताया कि मामला सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन होने के कारण यह समस्या पैदा हुई है। कोर्ट का फैसला आने के बाद ही तिलवाड़ा समेत अन्य स्थानों पर भूमि अधिग्रहण की स्थिति साफ हो पाएगी। मुआवजे वितरण के लिए शासन को डिमांड भेजी गई है।