उनका कहना था कि पुलिस इस घटना को दुर्घटना का रंग देकर अपना पल्ला झाड़ने का प्रयास कर रही है। जाम के कारण सवारियों के साथ ही राहगीरों को मुश्किलों का सामना करना पड़ा। मौके पर पहुंचे एडीएम, एसडीएम और पुलिस उपाधीक्षक ने एक सप्ताह में मामले की जांच पूरी करने के आश्वासन पर जाम समाप्त किया गया।
सोमवार को ग्रामीणों ने 12 नवंबर को रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड राजमार्ग पर सुरंग से कुछ आगे मंदाकिनी नदी किनारे मिले युवा व्यापारी शिवराज सिंह जगवाण की मौत की गुत्थी नहीं सुलझाने पर रोष जताते हुए केदारनाथ तिराहे पर चक्काजाम कर दिया।
यहां पर हुई सभा में भाजपा नेता भरत सिंह चौधरी, कांग्रेस नेता अंकुर रौथाण, उक्रांद नेता केएन डोभाल का कहना था कि जिन परिस्थितियों में मृतक का शव मिला था, उससे हत्या की आशंका पैदा हुई। पुलिस ने इसे स्वीकारा भी, लेकिन अब तक मामले में उचित कार्रवाई नहीं हो पाई है।
पूर्व छात्र नेता लक्ष्मण सिंह, मान सिंह जगवाण, जितार सिंह जगवाण, वीरपाल सिंह जगवाण ने कहा कि घटना के बाद से नगर में स्थानीय ोगों सहित व्यापारियों में दहशत व्याप्त है। सूचना पर एडीएम, एसडीएम सदर, सीएस चौहान, सीओ मिथेलश कुमार सहित चौकी प्रभारी डीएस पंवार मय फोर्स मौके पर पहुंचे।
सीओ ने प्रदर्शनकारियों को मामले में हो रही जांच और मिले साक्ष्यों के बारे में बताया। प्रशासनिक अधिकारियों व सीओ ने एक सप्ताह में जांच पूरी कर मामले के पटाक्षेप का आश्वासन दिया, जिस पर प्रदर्शनकारी शांत हुए। उन्होंने एडीएम के माध्यम से मुख्यमंत्री को भेजे ज्ञापन में मामले की सीबीसीआईडी सहित उच्च स्तरीय जांच की मांग भी की गई।