रुद्रपुर। नगर निगम की ओर से अतिक्रमण तोड़े जाने के बाद पूर्व मंत्री तिलकराज बेहड़ और एमएनए के बीच हुए विवाद के मामले ने तूल पकड़ लिया है। मामले को लेकर चौथे दिन पर्यावरण मित्रों ने निगम कर्मचारियों संग कोतवाली का घेराव करने के साथ ही बेहड़ के पुतले की शवयात्रा निकालकर पुतला फूंका। उन्होंने 24 घंटे के भीतर बेहड़ की गिरफ्तारी न होने पर पूरे जिले की सफाई व्यवस्था ठप करने की चेतावनी दी है।
शनिवार को नगर निगम में बड़ी संख्या में पर्यावरण मित्र और नगर निगम कर्मी एकत्र हुए और धरना दिया। उन्होंने कहा कि हाईकोर्ट के आदेश पर अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया की जा रही थी। इसका विरोध करते हुए उनके साथ अभद्रता की गई। पूर्व मंत्री तिलकराज बेहड़ और समर्थकों ने एमएनए से अभद्रता करने के साथ ही बंधक भी बनाया था।
एमएनए के साथ अभद्रता करने पर पुलिस प्रशासन ने बेहड़ और उनके दर्जनों समर्थकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था लेकिन अब पुलिस गिरफ्तारी से बच रही है। बाद में निगम कर्मियों ने शहर में जुलूस निकाला और कोतवाली का घेराव कर एसएसआई को ज्ञापन भी सौंपा। इसमें उन्होंने 24 घंटे की भीतर बेहड़ की गिरफ्तारी न होने पर पूरे जिले में सफाई व्यवस्था को ठप करने की चेतावनी दी गई है।
इधर, विवाद के चलते शनिवार को भी पर्यावरण मित्र और कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार किया। कार्य बहिष्कार के चलते कूड़ा उठाने का काम भी ठप रहा। ज्ञापन सौंपने वालों में धीरज सिंह बिष्ट, दीप चंद्र जोशी, भूपेंद्र सिंह, हरीश नेगी, दीपक पंत, विजय कुमार, परितोष सागर, नैयत अली आदि थे।
कार्य बहिष्कार लंबा चला तो सफाई के होंगे बुरे हाल
रुद्रपुर। नगर निगम के कर्मचारी और पर्यावरण मित्र पूर्व मंत्री बेहड़ की गिरफ्तारी की मांग पर अड़े हुए हैं। इसके चलते कूड़ा उठाने और सफाई का कार्य ठप है। ऐसे में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगने शुरू हो गए हैं।
इधर, पर्यावरण मित्र बेहड़ की गिरफ्तारी पर अड़े हैं, उधर पूर्व मंत्री से जुड़ा मामला होने की वजह से पुलिस प्रशासन भी फूंक-फूंककर कदम रख रहा है। देखना है कि प्रशासन इस मामले को किस तरह से हल करता है। अगर हड़ताल लंबी खिंची तो सफाई व्यवस्था के बुरे हाल होने तय हैं।
सब्जीमंडी तोड़ने का कोर्ट का नहीं था अंतिम आदेश : बेहड़
रुद्रपुर। पूर्व मंत्री तिलकराज बेहड़ ने एमएनए जयभारत सिंह पर हाईकोर्ट के आदेशों की आड़ में झूठ बोलने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि कोर्ट की ओर से सब्जी मंडी को तोड़ने का अंतिम आदेश नहीं आया है। अभी याचिकाकर्ता की याचिका पर निगम प्रशासन ने जवाब तक दाखिल नहीं किया है। एमएनए ने तानाशाही रवैया अपनाकर अतिक्रमण हटाने के नाम पर तोड़फोड़ को अंजाम दिया है। उन पर दर्ज कराए गए झूठे मुकदमे को लेकर वह हाईकोर्ट के अधिवक्ताओं से कानूनी राय ले रहे हैं।
शनिवार को अपने आवास में पत्रकार वार्ता में बेहड़ ने कहा कि उपनगर आयुक्त ने कोतवाली में दी तहरीर में उन पर गालीगलौज और अपशब्द बोलने के आरोप लगाए हैं। यदि ऐसी कोई वीडियो उनके पास है तो सार्वजनिक किया जाए। पुलिस और मेयर वहां मौजूद थे। एमएनए से न ही अभद्रता की गई और न ही अपशब्द बोले गए थे। कोर्ट के आदेशों की आड़ में एमएनए पूर्व में भी व्यापारियों, नेताओं और महिलाओं पर मुकदमे दर्ज करवा चुके हैं। कहा कि एक साल पहले शहर में अतिक्रमण के नाम पर तोड़फोड़ कर अरबों रुपये का नुकसान किया गया था। उसके बाद से आज तक मुख्य बाजार में नालियों का चौड़ीकरण भी नहीं किया गया हे।
आरोप लगाया कि उपनगर आयुक्त ने मुख्य नगर आयुक्त के कहने पर उन पर झूठा मुकदमा दर्ज कराया है। मुकदमे की जांच होनी चाहिए और मुकदमा निरस्त करने के साथ ही झूठा मुकदमा लिखाने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई होनी चाहिए। कहा कि जो फड़ अतिक्रमण के नाम पर तोड़े गए है, वह पूर्व में निगम ने ही बनवाए थे। निगम ने ही इनको बनवाने की एवज में भुगतान किया था। एमएनए ने जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन को भी कोर्ट के आदेश के नाम पर गुमराह किया है।
उन्होंने चेतावनी दी है कि एमएनए ने झूठा मुकदमा लिखाकर उनको अपमानित करने का काम किया है, अब जब तक वह राजनैतिक क्षेत्र में रहेंगे, एमएनए से लड़ाई जारी रहेगी। वहां महानगर अध्यक्ष जगदीश तनेजा, हिमांशु गाबा, हरीश अरोरा, संजय जुनेजा, नंदलाल सहित अनेक मौजूद रहे। वहीं इस संबंध में जब एमएनए जय भारत सिंह से बात करनी चाही तो उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया।
संजयनगर खेड़ा में फूंका एमएनए का पुतला
रुद्रपुर। कांग्रेस ने भी मुख्य नगर आयुक्त जयभारत सिंह के खिलाफ चरणबद्ध आंदोलन का बिगुल फूंक दिया है। महानगर कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने वार्ड नंबर 11 संजयनगर खेड़ा में मुख्य नगर आयुक्त का पुतला फूंका। महानगर अध्यक्ष जगदीश तनेजा ने कहा कि भाजपा सरकार में अफसरशाही हावी हो चुकी है। झूठे मुकदमे लिखवाकर जनता की आवाज को दबाने की कोशिश की जा रही है।
यहां के जनप्रतिनिधियों को न तो जनता से कोई सरोकार है और न ही अधिकारी उनकी बातों को सुनते हैं। कहा कि पूर्व मंत्री बेहड़ के साथ व्यापारी एमएनए से वार्ता करने आए थे। लेकिन वार्ता करने आए लोगों पर ही झूठे मुकदमे दर्ज करा दिए गए।
कहा कि अगर सरकार ने बेहड़ पर दर्ज मुकदमा वापस नहीं लिया और एमएनए को नहीं हटाया तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। वहां महामंत्री विकास मलिक, राजीव कामरा, नंदलाल, रंजीत तिवारी, विकास मल्लिक, अरुण दास, उत्तम चौधरी, सतनाम सिंह, अमल मिस्त्री, असीत बाला, शंकर विश्वास, सहदेव सरकार, प्रदीप ढाली, महेश हालदार, अनुभव चौधरी आदि थे।
प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल भी खोलेगा मोर्चा
रुद्रपुर। प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल ने भी एमएनए के खिलाफ मोर्चा खोलने की तैयारी कर ली है। नगर अध्यक्ष संजय जुनेजा और महामंत्री हरीश अरोरा ने बताया कि एमएनए का रवैया व्यापारी हो या आम लोग हों, किसी के साथ ठीक नहीं है।
एमएनए ने व्यापारियों का उत्पीड़न करने के साथ ही उन पर मुकदमे दर्ज कराए हैं। सब्जी मंडी में भी फड़ों को तोड़ा गया और फिर झूठे मुकदमे दर्ज कराए गए हैं। उन्होंने मांग की है कि एमएनए को रुद्रपुर से हटाया जाए। उन्होंने कहा कि एमएनए को हटाने की मांग को लेकर मशाल जुलूस, बुद्धिशुद्धि यज्ञ और काला दिवस मनाया जाएगा।
कांग्रेसियों ने प्रदेश सरकार का पुतला फूंका
किच्छा। पूर्व स्वास्थ्य मंत्री तिलकराज बेहड़ पर रुद्रपुर में मुकदमा दर्ज कराए जाने से नाराज कांग्रेसियों ने दीनदयाल चौक पर प्रदेश सरकार का पुतला फूंककर प्रदर्शन किया।
कांग्रेस के प्रदेश महामंत्री हरीश पनेरू ने कहा कि प्रदेश सरकार अलोकतांत्रिक निर्णय लेकर कांग्रेसियों का उत्पीड़न कर रही है। वहां चेयरमैन दर्शन कोली, कांग्रेस नगर अध्यक्ष अरुण तनेजा, युवा व्यापार मंडल अध्यक्ष दुर्गेश गुप्ता, डॉ. गणेश उपाध्याय, राजेश कुमार, बंटी पपनेजा, बबलू चौधरी, बाबू सिंह, राजू कोली, अफजाल शेरी आदि थे।
रुद्रपुर कोतवाली में पूर्व मंत्री बेहड़ की गिरफ्तारी की मांग को लेकर प्रदर्शन करते पर्यावरण मित- फोटो : RUDRAPUR