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Rudraprayag News: बारिश और ओलावृष्टि से 70 फीसदी फसलें बरबाद

Mon, 04 May 2026 04:44 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रुद्र प्रयाग
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काश्तकारों के हुए नुकसान का सर्वेक्षण कर रहा उद्यान विभाग
संवाद न्यूज एजेंसी
जखोली। बारिश और ओलावृष्टि से ऊंचाई वाले क्षेत्रों में गेहूं की तैयार फसल बरबाद हो गई। वहीं कई फल के पेड़ाें को भी क्षति पहुंची है। ऐसे में फल एवं सब्जी उत्पादकों के माथे पर चिंता की लकीरें खींच दी हैं। प्रभावित काश्तकार सीताराम कोठारी, विमला देवी और मानवेंद्र सिंह ने बताया कि उनकी आजीविका का मुख्य आधार सब्जी और फल उत्पादन ही है जो अब लगभग नष्ट हो चुका है। अब फसल से लागत निकलना भी नामुमकिन लग रहा है। ब्लाॅक में करीब 70 फीसदी फसल बरबाद हो गई है।
जिला उद्यान अधिकारी राजेश प्रसाद जसोला ने बताया कि काश्तकारों को हुए नुकसान का सर्वे किया जा रहा और उन्हें उचित मुआवजा दिया जाएगा। वहीं उद्यान विशेषज्ञ डाॅ. राजेंद्र प्रसाद कुकसाल ने बताया कि जनपद के विभिन्न हिस्सों में ओलावृष्टि और तेज हवाओं के कारण फल के पेड़ों और प्याज की फसल को भी भारी क्षति पहुंची है। आपदा के कारण ब्लॉक की करीब 70 प्रतिशत तक फसलें बरबाद हाे चुकी हैं।
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इनसेट
मधुमक्खी पालन पर भी संकट
फसलों के साथ-साथ इस बेमौसमी बरसात ने मधुमक्खी पालन व्यवसाय भी प्रभावित हुआ है। लगातार बारिश के कारण फूलों का नेक्टर मकरंद धुल गया है और तापमान गिरने से मधुमक्खियां छत्तों से बाहर नहीं निकल पा रही हैं। इससे न केवल शहद उत्पादन प्रभावित हुआ है बल्कि परागण न हो पाने के कारण फलों के उत्पादन पर भी दोहरा असर पड़ा है।
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