रुद्रप्रयाग। अब, केदारनाथ सहित मध्य हिमालय के मौसम की हरपल की जानकारी मिल सकेगी। सर्दियों में बर्फबारी हो चाहे गर्मियों के मौसम में बदलाव। क्षेत्र के मौसम का डाटा कई पैरामीटर में उपलब्ध हो सकेगा। केंद्र सरकार के मौसम विभाग की ओर से ऊखीमठ के चोपता में मौसम केद्र स्थापित किया जाएगा। विभागीय टीम ने भूमि का चयन कर स्वीकृति दे दी है। इधर, जिला प्रशासन ने भी शासन को प्रस्ताव तैयार कर भेज दिया है।
जून 2013 की आपदा के बाद से केदारनाथ के चोराबाड़ी ताल व वासुकीताल सहित दुग्ध गंगा क्षेत्र को काफी संवेदनशील हैं। इन हालात में आपदा के बाद से शासन- प्रशासन यहां के मौसम को लेकर फूंक-फूंक कर कदम रख रहा है। बावजूद निश्चित जानकारी नहीं मिलने से कई बार दिक्कतें हो रही हैं। लेकिन अब, ऐसा नहीं होगा। मौसम विभाग दिल्ली व देहरादून केदारनाथ के मौसम पर 24 घंटे नजर रखने के लिए ऊखीमठ के चोपता में मौसम केंद्र स्थापित करेगा। इस केंद्र से केदारधाम, तुंगनाथ और मद्महेश्वर घाटी के मौसम की जानकारी उपलब्ध होगी। साथ ही उपलब्ध डाटा के आधार पर केदारनाथ व मध्य हिमालय में हो रहे जलवायु परिवर्तन को लेकर नए शोध भी हो सकेंगे। मौसम केंद्र से क्षेत्र में बर्फबारी, नमी, वायुदाब सहित तापमान की पलपल की जानकारी आसानी से मिल जाएंगी। खास बात यह है कि इस केंद्र से मिलने वाली जानकारियों का विशेषज्ञ दिल्ली, देहरादून से भी अवलोकन कर मौसमानुसार जानकारी जारी कर सकेंगे। डीएम मंगेश घिल्डियाल ने कहा कि प्रशासनिक स्तर से भी इस संबंध में शासन को प्रस्ताव भेज दिया गया है। वित्तीय स्वीकृति के बाद आगामी वर्ष में निर्माण की कार्रवाई शुरू होगी।