रुद्रप्रयाग। जनता दरबार में दूर-दराज से ग्रामीण अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। इस दौरान चाका गांव की अंजू देवी ने डीएम के समक्ष बीमार पति के इलाज के लिए मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से मदद की गुहार लगाई। दरबार में आई 68 शिकायतों को डीएम ने गंभीरता से लिया। 30 शिकायतों का मौके पर निस्तारण किया जबकि अन्य समस्याओं के समाधान के लिए विभागीय अधिकारियों को एक सप्ताह का समय दिया।
सोमवार को जनता दरबार में पुराने विकास भवन में प्रात: 10.30 बजे से शुरू हुए जनता दरबार में डीएम ने लोगों की समस्याएं सुनीं। इस मौके पर भैंसगांव के दलीप सिंह ने जिलाधिकारी के समक्ष मोटर मार्ग से क्षतिग्रस्त खेतों की सुरक्षा दीवारों पर ब्रेसवॉल लगाने की मांग की। ग्राम पंचायत रायडी की ग्राम प्रधान देवेश्वरी देवी ने पंचायत भवन, बीज भंडार भवन और न्याय पंचायत पर कथित द्वारा अवैध कब्जे की शिकायत की, जिस पर जिलाधिकारी राजस्व विभाग को त्वरित निरीक्षण के आदेश देते हुए कथित के विरुद्ध कार्रवाई के आदेश दिए। इसके अलावा जाखाल गांव निवासी उदय सिंह राणा ने लस्तर पेयजल परियोजना से रिखौलगांव को लाभ नहीं मिलने की शिकायत की। वहीं, बजूण गांव के वीरेंद्र सिंह चौहान ने जर्जर हो चुके विद्युत पोलों व लटकते तारों को बदलने, नौना गांव के ग्रामीणों द्वारा जिला योजना में स्वीकृत गहड़-नौना मोटर मार्ग का निर्माण पूरा कराने, कमेड़ा गांव के ग्रामीणों द्वारा तल्लानागपुर (पम्पिंग सेट) योजना से पानी की आपूर्ति और सतेरखाल के ग्रामीणों द्वारा पेयजल संकट से निजात दिलाने की मांग की गई। खांकरा गांव की चंदनी देवी ने ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल लाइन निर्माण के लिए अधिगृहित की गई भूमि के खाता-खतौनी में नाम नहीं होने की शिकायत की। जबकि औरिंग की ग्राम प्रधान सुमित्रा देवी ने बडियारी बैंड पर हैंडपंप लगाने की मांग की। इस मौके पर प्रशासनिक व विभागीय अधिकारियों सहित तीनों ब्लॉकों से आए फरियादी मौजूद थे।