रुद्रप्रयाग। जिम कार्बेट एवं श्रीदेव सुमन स्मृति और पंडित वासवानंद मैखुरी स्मृति सम्मान समारोह में मेधावी छात्र सम्मानित किए गए। इस मौके पर छात्रों को जिम कार्बेट एवं श्रीदेव सुमन से प्र्रेरणा लेने और सामाजिक कार्यों में बढ़चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की गई।
रविवार को कलश साहित्यिक संस्था की ओर से आयोजित सम्मान समारोह में लोक भाषा और लोक संस्कृति को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया। समारोह में जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल ने उत्तराखंड बोर्ड परीक्षा-2018 में (हाईस्कूल व इंटरमीडिएट) प्रदेश स्तर पर मेरिट सूची में स्थान प्राप्त करने वाले जनपद के 23 मेधावी छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत किया। इस मौके पर डीएम ने कहा कि हमें जिम कार्बेट और श्रीदेव सुमन से प्रेरणा लेनी चाहिए। उन्होंने कहा कि समाज के हित के लिए इन लोगों का योगदान कभी नहीं भुलाया जा सकता है। मेधावी छात्रों की प्रशंसा करते हुए उन्होंने कहा कि बच्चों ने जनपद को प्रदेश में नई पहचान दी है। डीएफओ मयंक शेखर झा ने कहा कि शिक्षा के साथ संस्कृति और पर्यावरण संरक्षण में युवा पीढ़ी को अहम भूमिका निभानी होगी। डीईओ बेसिक डा. विद्याशंकर चतुर्वेदी की अध्यक्षता में आयोजित समारोह डीएम व डीएफओ ने मेधावी दो गरीब छात्र-छात्राओं को विशेष पुरस्कार प्रदान किया। साथ ही डा. राकेश भट्ट, सुरेश गैरोला, बीना बेंजवाल, डीएस धिरवाण सहित अन्य कई को विशेष सम्मान से नवाजा गया। वहीं केंद्रीय विद्यालय श्रीनगर में कार्यरत व लोक कवियत्री बीना बेंजवाल ने डीएम घिल्डियाल को गढ़वाली शब्दकोष भेंट किया। समारोह में कविता संग्रह कलश के दूसरे संस्करण का विमोचन भी किया गया। समारोह में ओम प्रकाश सेमवाल व अशोक चौधरी, गिरीश पैन्यूली, राकेश नौटियाल, मुख्य कृषि अधिकारी एसएस वर्मा, डा. राकेश भट्ट, चंद्रशेखर पुरोहित, रमेश पहाड़ी, जेपी चमोला, नवीन सेमवाल आदि लोग मौजूद थे।