ऊखीमठ। राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ ब्लाक शाखा ने वर्ष 2001 के बाद नियुक्त शिक्षकों को डीएलएड प्रशिक्षण देने का विरोध किया। संघ ने शिक्षकों की लंबित मांगों पर त्वरित कार्रवाई की मांग भी की।
ब्लाक अध्यक्ष मनोज शर्मा की अध्यक्षता में हुई बैठक में शिक्षकों ने सरकार की ओर से किए गए सुगम और दुर्गम निर्धारण का विरोध किया। कहा कि कोटिकरण में कई दूरस्थ स्कूलों को सुगम में शामिल किया गया है जो अनुचित है। उन्होंने वर्ष 2001 के बाद नियुक्त शिक्षकों को प्रदेश सरकार की ओर से डीएलएड प्रशिक्षण कराने जाने को अनुचित बताया। कहा कि शिक्षा के उन्नयन के लिए शिक्षकों को समय-समय पर विभिन्न प्रशिक्षण दिए जाते है। इस दौरान आयोजित छात्र उन्नयन गोष्ठी में गुणवत्तापरक शिक्षा पर जोर दिया गया। साथ ही स्कूलों में अधिक प्रवेश और बेहतर संसाधनों को लेकर ठोस कार्रवाई की बात कही गई। इस मौके पर मंत्री देवेश भट्ट, कोषाध्यक्ष देवेंद्र बजवाल, मीना पुष्पवान, रजनी भल्ला, सरिता नेगी, अनुपमा भट्ट, सर्वेश सेमवाल और कर्णपाल कंडारी समेत अन्य शिक्षक मौजूद थे।