लक्सर। पतंजलि हर्बल फूड पार्क पार्क में बुधवार को मशीन की चपेट में आए मोनू का शुक्रवार सुबह अंतिम संस्कार कर दिया गया।
बुधवार को बाबा रामदेव की पदार्था स्थित पतंजलि हर्बल फूड पार्क में रायसी चौकी के नंदपुर गांव निवासी मोनू की हाथ कटने की वजह से मौत हो गई थी। बृहस्पतिवार शाम मोनू का शव अंतिम संस्कार के लिए पुलिस ने परिजनों के सुपुर्द कर दिया था। लेकिन परिजनों ने अंतिम संस्कार नहीं किया। सूत्रों की कहना है कुछ लोगों को जबरन हिरासत में लेने के कारण पुलिस के खिलाफ ग्रामीणों में रोष छा गया था। जिसकी वजह से परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार भी नहीं किया। मामले की भनक लगते ही आनन-फानन में पुलिस के कुछ अधिकारी मोनू के घर पहुंचे और परिजनों को समझाया। उसके बाद शुक्रवार सुबह परिजनों ने मोनू के शव का अंतिम संस्कार कर दिया। इस संबंध में रायसी चौकी प्रभारी जहांगीर अली का कहना है कि मोनू के कुछ रिश्तेदार बृहस्पतिवार शाम तक नहीं पहुंच पाए थे। जिसकी वजह से शुक्रवार सुबह मोनू का अंतिम संस्कार किया गया।
फूड पार्क में में दूसरे दिन रही शांति
पथरी (हरिद्वार)। पतंजलि हर्बल फूड पार्क में हुए बवाल के दूसरे दिन शांति रही लेकिन एहतियात के तौर पर परिसर में अभी पुलिस एवं पीएसी तैनात है। इधर, पुलिस बवाल में शामिल अन्य चेहरों को चिह्नित करने में जुट गई है। वीडियो रिकार्डिंग को खंगाला जा रहा है।
फूड पार्क कर्मचारी मोनू की मौत के बाद गुस्साये ग्रामीणों एवं कर्मचारियों ने बृहस्पतिवार सुबह पार्क के मुख्यद्वार पर जमकर बवाल काटा था। वाहन, एटीएम में तोड़फोड़ कर दी थी और कई घंटों तक पुलिस एवं पैरामिलिट्री फोर्स पर पथराव किया था। पैरामिलिट्री फोर्स एवं पुलिस के कई राउंड फायर करने के बाद भी भीड़ टस से मस नहीं हुई थी। पुलिस ने लाठीचार्ज कर भीड़ को खदेड़ा था। कई पुलिसकर्मी पथराव में चोटिल हुए थे। पुलिस ने पार्क के कंपनी सेक्रेटरी राजकुमार पांडे की ओर से मुकदमा दर्ज कर हिरासत में लिए गए 14 उपद्रवियों को गिरफ्तार कर बृहस्पतिवार का ही जेल भेजा था।