घरों में प्रसव पर सख्त हुआ स्वास्थ्य विभाग, दाइयों पर कड़ी नजर
दाइयों ने घरों में प्रसव कराया तो दर्ज होगी प्राथमिकी दर्ज
- पिछले वर्ष के घरों में सबसे अधिक प्रसव बहादराबाद और पिरान कलियर में कराए गए
घरों में प्रसव पर सख्त हुआ स्वास्थ्य विभाग, दाइयों पर कड़ी नजर
रुड़की। घरों में प्रसव कराए जाने के मामलों को गंभीरता से लेते हुए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड पर है। विभाग ने ऐसी गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए दाइयों पर कार्रवाई शुरू कर दी है। शहर और देहात में अवैध रूप से प्रसव कराने वाली दाइयों पर विभाग की ओर से कड़ी नजर रखी जा रही है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, पिछले वित्तीय वर्ष के आधार पर घरों में सबसे अधिक प्रसव बहादराबाद और पिरान कलियर में कराए जाने की सूचना मिली थी। इसके आधार पर 26 दाइयों को चिह्नित किया गया था। इनमें 18 बहादराबाद और 8 पिरान कलियर क्षेत्र की पाई गई थी। इन पर नियमों का उल्लंघन करते हुए घरों में प्रसव कराने के आरोप पाए गए हैं। विभाग की ओर से इनके खिलाफ कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है। एसीएमओ डॉ़ रमेश कुंवर ने बताया कि सुरक्षित मातृत्व को ध्यान में रखते हुए प्रसव केवल अधिकृत स्वास्थ्य केंद्रों और अस्पतालों में ही कराना अनिवार्य है। घरों में प्रसव कराने से मां और नवजात दोनों की जान को खतरा रहता है इसलिए इस पर पूरी तरह रोक लगाने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी और जरूरत पड़ने पर उनके खिलाफ प्राथमिक भी दर्ज कराई जाएगी। साथ ही आम जनता से अपील की गई है कि वे किसी भी परिस्थिति में घर पर प्रसव न कराएं और नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या अस्पताल में ही प्रसव कराएं। विभाग की ओर से आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को भी सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं ताकि गर्भवती महिलाओं को समय पर अस्पताल पहुंचाया जा सके और सुरक्षित प्रसव सुनिश्चित हो सके।