राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के संविदा कर्मियों और आउटसोर्स पर रखे गए स्वास्थ्य कर्मियों की हड़ताल के बावजूद निर्धारित 12 वैक्सीनेशन सेंटर में से छह पर वैक्सीनेशन हुआ। यहां करीब 228 लोगों को वैक्सीन लगाई गई। छह केंद्रों में ताले लटके रहे।
दरअसल, एनएचएम संविदा कर्मचारी एक जून से नौ सूत्री मांगों को लेकर हड़ताल पर हैं। उनके हड़ताल पर चले जाने से विभिन्न स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। वहीं उनकी हड़ताल का प्रभाव टीकाकरण केंद्रों पर भी पड़ रहा है। हड़ताल के चलते समय पर वैक्सीन नहीं पहुंच रही है, जबकि कुछ केंद्रों पर स्टाफ की कमी के चलते वैक्सीनेशन नहीं पा रहा है। हालांकि बृहस्पतिवार को छह वैक्सीनेशन सेंटरों पर वैक्सीन की डोज पहुंचा दी गई थी। ऐेसे में छह केंद्रों पर 45 से ऊपर वाले लोगों को वैक्सीन लगाई गई। सिविल अस्पताल के सीएमएस डॉ. संजय कंसल ने बताया कि सिविल अस्पताल रुड़की व वार्ड नंबर 33 स्थित मारवाड़ी भवन सहित छह स्थानों पर वैक्सीनेशन हुआ है। इन सेंटरों पर करीब 228 लोगों को वैक्सीन लगाई गई है।
वैक्सीन लगवाने के लिए किया प्रेरित
रुड़की। अपर उपजिलाधिकारी पूरण सिंह राणा के निर्देशन में चलाए जा रहे कोरोना वैक्सीन कार्यक्रम के अंतर्गत पार्षद संजीव राय टोनी की देखरेख में एक कैंप का आयोजन मोहल्ला सोत स्थित मारवाड़ी भवन में किया गया। पार्षद ने कहा कि एक ओर सरकार की ओर से कोरोना काल में महामारी से बचाव के लिए वैक्सीन लगाने का कार्य चलाया जा रहा है, वहीं कुछ लोग वैक्सीन को लेकर मनगढ़ंत बातें भी कर रहे हैं। इस तरह की अफवाहों से बचना चाहिए और वैक्सीन की डोज लगवानी चाहिए। विधायक प्रतिनिधि मोहम्मद असलम ने कहा कि कोरोना वायरस से बचने के लिए वैक्सीनेशन एक बड़ा माध्यम है। इस अवसर पर डॉ. विकास त्यागी, अमित वर्मा, मुकेश धीमान, वंदना, सारिका और सुनीता यादव आदि मौजूद रहे। संवाद