फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मांगों को लेकर भूख हड़ताल पर बैठे राजकीय डिग्री कॉलेज के छात्र

विज्ञापन
लक्सर राजकीय महाविद्यालय में अपनी मांगों को लेकर भूख हड़ताल पर बैठे छात्र संघ अध्यक्ष व अखिल भार? - फोटो : ROORKEE
विज्ञापन
राजकीय महाविद्यालय में पीजी कक्षाएं चलाने सहित अन्य मांगे पूरी न होने से आक्रोशित अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने भूख हड़ताल शुरू कर दी। अध्यक्ष सहित पांच लोग मंगलवार से भूख हड़ताल पर बैठे। उनका कहना था कि मांगे पूरी होने तक भूख हड़ताल जारी रहेगी।
विज्ञापन

भुरनी खतीरपुर गांव के निकट स्थित राजकीय महाविद्यालय के छात्रों को पीजी कक्षाएं शुरू न होने से दिक्कत हो रही है। अपनी समस्याओं को लेकर अभाविप कार्यकर्ता और छात्रसंघ अध्यक्ष कालेज प्रबंधन सहित उच्चाधिकारियों को अवगत कराते रहे हैं। इसके बाद भी मांग पूरी नहीं होने से नाराज परिषद कार्यकर्ताओं ने सोमवार को कॉलेज में धरना देकर मंगलवार से भूख हड़ताल की चेतावनी दी थी। मंगलवार को छात्रसंघ अध्यक्ष अभिषेक चौधरी के साथ कुलदीप पंवार, प्रतीक वर्मा, सचिन चौधरी व अंकित आदि ने कालेज गेट पर भूख हड़ताल शुरू कर दी। उनका कहना था कि कॉलेज में राजनीतिक शास्त्र का शिक्षक नहीं होने से पढ़ाई प्रभावित हो रही है। इसके अलावा अब तक बीए में संस्कृत, ग्रह विज्ञान और शिक्षाशास्त्र के विषय भी शुरू नहीं किए गए हैं। इसके अलावा कॉलेज में एमए की कक्षाएं भी संचालित नहीं हो पाईं। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगे पूरी नहीं हो जाती है, भूख हड़ताल जारी रखेंगे। इस मौके पर पंकज चौधरी, रजत, हिमांशु, विक्की, गुड्डन, सोनिया, सपना, अंजली, नेहा चौधरी, स्वाति, रेखा, आयुषी, पारुल आदि मौजूद रहे।
अभाविप की भूख हड़ताल को बताया ड्रामेबाजी
लक्सर। विधानसभा खानपुर के युवा कांग्रेस अध्यक्ष ने राजकीय महाविद्यालय में छात्रसंघ अध्यक्ष व अखिल भारतीय परिषद की भूख हड़ताल को ड्रामेबाजी बताया है। उनका कहना है कि जिन बिंदुओं को लेकर परिषद भूख हड़ताल पर बैठी है, उन्हें लेकर एनएसयूआई युवा कांग्रेस कार्यकर्ता पहले ही मांग उठा चुके हैं।
विज्ञापन

मंगलवार को विधानसभा खानपुर के युवा कांग्रेस अध्यक्ष नीटू चौधरी ने पत्रकारों को बताया कि राजकीय महाविद्यालय में छात्रसंघ अध्यक्ष व परिषद कुछ मांगों को लेकर मंगलवार से भूख हड़ताल की जा रही है, उन मांगों को लेकर एनएसयूआई ने विगत 13 अगस्त को प्राचार्य को मांग युक्त ज्ञापन सौंपा था। जिस पर विद्यालय प्रबंधन ने एक सप्ताह का समय मांगा था, लेकिन उससे पहले ही झूठा श्रेय लेने के लिए परिषद कार्यकर्ता भूख हड़ताल पर बैठ गए। उन्होंने आरोप लगाया कि परिषद द्वारा दिया जा रही भूख हड़ताल पूरी तरह से ड्रामेबाजी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें