रुड़की/मंगलौर। भाजपा नेता राज सिंह की पत्नी बबली देवी ने पिछले पंचायत चुनाव में रहीमपुर सीट से क्षेत्र पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ा था। इसके अलावा उनका साझेदारी में प्रॉपर्टी डीलिंग का कारोबार भी है। हत्या के पीछे संपत्ति विवाद है या चुनावी रंजिश। पुलिस इन पहलुओं की पड़ताल में जुट गई है।
तांशीपुर निवासी राज सिंह लंबे समय से भाजपा से जुड़े हुए थे। उनकी कर्मठता को देखते हुए संगठन की पिछली कार्यकारिणी में उन्हें अनुसूचित मोर्चा जिलाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। पंचायत चुनाव में उनकी पत्नी बबली को रहीमपुर क्षेत्र पंचायत सीट से भाजपा ने टिकट भी दिया था।
राज सिंह का घर की दुकान में मोबाइल रिचार्ज का काम भी था। बदमाशों ने जिस तरीके से घर में बने कैंप कार्यालय में हत्या को अंजाम दिया, उससे माना जा रहा है कि वह किसी काम के बहाने भाजपा नेता से मिलने आए होंगे। परिवार के मुताबिक संगठन व जनहित से जुड़े काम लेकर उनके पास संगठन व गांव के लोग अक्सर आते रहते थे। बहरहाल पुलिस हत्या के पीछे हर संभावित कारणों को तलाश रही है।
इनका कहना है
राज सिंह बेहद सरल और सीधे स्वभाव के थे। उनसे किसी की रंजिश होने की बात किसी के गले नहीं उतर रही है। जो भी हत्या की खबर सुन रहा है वह हैरान हो रहा है। -फारूख अहमद, पूर्व प्रधान
राज सिंह की चुनाव को लेकर किसी से कोई रंजिश होती तो वह जरूर बताते। वह बहुत मिलनसार नेता थे। किसी कार्यकर्ता से भी उन्होंने ऐसी कोई बात शेयर नहीं की थी।
कल्पना सैनी, भाजपा जिलाध्यक्ष
घर पर कोई सुरक्षित नहीं तो कैसी व्यवस्था
संगठन के नेता की घर में घुसकर दिनदहाड़े हत्या को लेकर भाजपाइयों ने जिले की कानून व्यवस्था को कठघरे में खड़ा किया है। जिलाध्यक्ष कल्पना सैनी का कहना है कि जब लोग घर में सुरक्षित नहीं हैं तो यह कैसी कानून व्यवस्था है। उन्होंने हत्या की जल्द खुलासे की मांग पुलिस प्रशासन से की है।
पैर पर चढ़ा था प्लास्टर
राज सिंह पिछले दिनों घर में पैर फिसलने से गिर गए थे। हड्डी में फ्रैक्चर आने पर उनके पैर पर प्लास्टर चढ़ा था। तब से वह छड़ी की मदद से चल रहे थे।
पत्नी-बेटों को रो रोकर बुरा हाल
करीब 38 वर्षीय राज सिंह के परिवार में पत्नी बबली देवी और दो बेटे हैं। बड़ा बेटा 10 वर्षीय हंसराज व छोटा बेटा हार्दिक आठ साल का है। बबली, हंसराज व हार्दिक का रो रोकर बुरा हाल रहा।
कार की चेकिंग में निकल भागे बदमाश
भाजपा नेता की हत्या के बाद गांव पहुंची पुलिस को कुछ ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने तेज रफ्तार कार को गांव से बाहर निकलते देखा है। उसके बाद वायरलैस सेट से बदमाश फरार होने की सूचना पुलिस ने फ्लैश की। हाईवे और चौराहों पर कारों की भी चेकिंग की। लेकिन बाद में पता चला कि बदमाश बाइक पर आए थे। इस पर दोबारा संशोधित सूचना फ्लैश की।
इनका कहना है
भाजपा नेता की हत्या क्यों हुई। अभी इसके कारणों का पता नहीं चल पाया है। पुलिस हर एंगल से जांच में जुटी है। जल्द आरोपियों को गिरफ्तार कर हत्या का खुलासा किया जाएगा।
सेंथिल अबुदई कृष्णराज एस, एसएसपी हरिद्वार