रुड़की। श्रावण मास के दूसरे सोमवार को शिव मंदिरों में जलाभिषेक करने वाले श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। इस दौरान मंदिर के बाहर लंबी लंबी लाइन दिखी। पुलिस की ओर से भी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे।
सोमवार को सिविल लाइंस स्थित शिव मंदिर में जलाभिषेक करने वाले श्रद्धालु ब्रह्ममुहूर्त में ही लाइन में लग गए थे। श्रद्धालुओं की लंबी कतारों को देखते हुए मंदिर के बाहर और अंदर बलियां बांधी गई थीं।
वहीं रामनगर स्थित शिव मंदिर और राममंदिर में श्रद्धालुओं की ओर से जलाभिषेक व दुग्धाभिषेक किया गया। यहां पर भी श्रद्धालुओं की लंबी लाइनें लगी रहीं। मंदिर के बाहर बलियां बांधी गई थीं। आईआईटी स्थित सरस्वती मंदिर में भी श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही। वहीं ढंडेरा स्थित शिव मंदिर, पनियाला रोड स्थित शिव मंदिर, प्रेमकुंज स्थित शिव मंदिर व प्रेम मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही। सरस्वती मंदिर के पुजारी राकेश शुक्ला ने बताया कि श्रावण मास में शिव का अभिषेक जल, दुग्ध, घी, शहद व चीनी सहित कई चीजों से किया जाता है। श्रावण में शिवालयों में पाठ कराने से भी लाभ मिलता है। मंदिरों के बाहर पुलिस की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे।
आज शिवरात्रि, मंदिरों में किए गए विशेष इंतजाम
दोपहर ढाई बजे के बाद शुरू होगा जलाभिषेेक
रुड़की/लक्सर। 30 जुलाई को होने वाले शिवरात्रि पर्व को लेकर शहर और देहात तक के शिवालय सज कर तैयार हो गए हैं। मंदिर समितियों की ओर से भी मंदिरों में शिवरात्रि को लेकर इंतजाम किए गए हैं। दोपहर ढाई बजे के बाद शिवरात्रि का जलाभिषेक का मुहूर्त है। शहर के सिविल लाइंस, प्रेम मंदिर, रामनगर शिव चौक स्थित शिव मंदिर, राममंदिर, पनियाला रोड स्थित शिव मंदिर, आईआईटी स्थित संतोषी माता मंदिर में विशेष इंतजाम किए गए हैं। वहीं लक्सर के सीमली में स्थित प्राचीन शिव मंदिर, अंचलेश्वर महादेव मंदिर में शिवरात्रि में जलाभिषेक किया जाएगा। इसी प्रकार पथरी के जंगल में पथलेश्वर महादेव, शिवपुरी मंदिर, रायसी, महराजपुर, निरंजनपुर, सुल्तानपुर के अलावा खानपुर क्षेत्र में भी जटाशंकर महादेव के मंदिर पर जलाभिषेक करने वाले श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ती है।