गंगनहर के घाटों पर दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए लोहे की चेन और जाली लगाई जाएगी। इसके साथ ही पथ प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त करने, लाइटिंग, चेतावनी बोर्ड और सुरक्षा संबंधी अन्य इंतजाम किए जाएंगे। भाजपा जिला महामंत्री अक्षय प्रताप सिंह की मांग पर संयुक्त मजिस्ट्रेट दीपक रामचंद्र सेठ ने संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ घाटों का निरीक्षण किया। उन्होंने सभी आवश्यक व्यवस्थाएं 10 दिन के भीतर पूरी करने के निर्देश दिए।
बता दें कि सुरक्षा के इंतजाम नहीं होने के चलते करीब एक साल पहले गंगनहर किनारे आईआईटी के एक छात्र की डूबने से मौत हो गई थी। उस समय संगठनों ने सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग उठाई थी लेकिन इंतजाम नहीं हो सके। अब शुक्रवार को अक्षय प्रताप सिंह ने संयुक्त मजिस्ट्रेट को ज्ञापन देकर गंगनहर के घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की थी।
इसके बाद शाम को उन्होंने तहसीलदार, नगर निगम, लोक निर्माण विभाग और सिंचाई विभाग के अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। इस दौरान दुर्घटना संभावित स्थानों को चिह्नित कर आवश्यक सुधार कार्यों पर चर्चा की गई। निरीक्षण के दौरान घाटों पर सुरक्षा जाली और रेलिंग लगाने, पुलों से नीचे तक मजबूत लोहे की चेन लटकाने, नियमित सफाई और सौंदर्यीकरण कराने के निर्देश दिए गए।
इसके अलावा चेतावनी बोर्ड, सुरक्षा संबंधी निशान और लाउडस्पीकर लगाने की व्यवस्था भी की जाएगी। अक्षय प्रताप सिंह ने कहा कि घाटों पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं होने से पहले कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। लोहे की चेन लगाने से नदी में गिरने वाले लोगों को आपात स्थिति में सहारा मिल सकेगा। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट दीपक रामचंद्र सेठ ने बताया कि फिलहाल गंगनहर भी बंद है ऐसे में कार्य तेजी से करने के निर्देश दिए गए हैं। इससे आने वाले छठ महोत्सव में भी श्रद्धालुओं को सुरक्षा मुहैया हो सकेगी।