रुड़की। जलनिकासी के लिए जिला पंचायतीराज अधिकारी (डीपीआरओ) ने जलालपुर गांव के जिम्मेदार लोगों को ब्लॉक कार्यालय बुलाकर उन्हें नाला बनवाने के लिए समझाने का प्रयास किया। ग्रामीणों ने अधिकारियों से गांव के पानी निकासी के लिए दूसरा विकल्प तलाशने की मांग की है। ऐसे में अब भंगेड़ी महावतपुर गांव से गुजर रहे नाले को जलालपुर गांव के पानी निकासी के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है।
रुड़की ब्लॉक क्षेत्र के जलालपुर गांव में लंबे समय से जलभराव की समस्या है। यहां नाला निर्माण का पहले दुर्गा कॉलोनी के लोगों ने विरोध किया। बाद में नाला सोलानी नदी तक ले जाने पर सहमति बनी तो हरिजन बस्ती के लोग इसके विरोध में उतर आए। ऐसे में शुक्रवार को डीपीआरओ रमेश चंद त्रिपाठी डीएम के आदेश पर रुड़की ब्लॉक कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने गांव के जिम्मेदार लोगों को बुलाकर उनके साथ बैठक की। इस दौरान निवर्तमान प्रधान अफजाल, सुदेश कुमार, हरिजन बस्ती और दुर्गा कॉलोनी के लोग मौजूद रहे। बैठक में निवर्तमान प्रधान अफजाल ने बताया कि गांव में पानी निकासी के लिए कोई न कोई विकल्प निकालना जरूरी है। क्योंकि, इस बार बरसात में गांव में पानी भरने की आशंका है।
वहीं, हरिजन बस्ती के लोगों का कहना था कि उनके क्षेत्र में बालू-मिट्टी है। यदि नाले के लिए खोदाई की गई तो उनके घरों को खतरा है। इस दौरान ग्रामीणों ने डीपीआरओ को भंगेड़ी महावतपुर गांव से पास से गुजर रहे नाले को गांव की पानी निकासी के लिए इस्तेमाल करने सुझाव दिया। मामले में डीपीआरओ रमेश चंद त्रिपाठी का कहना है कि ग्रामीणों ने सहमति से भंगेड़ी महावतपुर गांव के पास से गुजर रहे नाले का विकल्प दिया है। इस विकल्प से भी डीएम को अवगत कराया जाएगा। साथ ही नाला वहां तक ले जाने को लेकर सिंचाई विभाग और पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों से सर्वे कराया जाएगा। इसके बाद नाले का निर्माण शुरू किया जाएगा। इस मौके पर एडीओ पंचायत बिजेंद्र सैनी और ग्राम पंचायत विकास अधिकारी केपी सैनी मौजूद रहे।