करीब 40 साल से चले आ रहे भूमि के विवाद में भारी पुलिस बल की मौजूदगी में एक पक्ष ने कब्जा ले लिया। इसे लेकर भाकियू रोड़ और एक पक्ष के किसान ने पुलिस पर जबरन कब्जा कराए जाने का आरोप लगाया है। मामला करीब 14 बीघा की करोड़ों की जमीन से जुड़ा है।
रविवार को सिविल लाइंस कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत कान्हापुर गांव में स्थित कृषि भूमि पर कब्जा लेने के लिए एक पक्ष की तरफ से किसान पहुंचे। विवाद की सूचना पर भारी पुलिस बल भी मौके पर पहुंच गया। इस दौरान एक पक्ष ने भूमि में गेहूं की फसल बोने का दावा करते हुए उसकी कटाई शुरू कर दी। दूसरे पक्ष ने विरोध किया। इसपर पुलिस दोनों पक्षों के कुछ लोगों को कोतवाली ले आई।
इस दौरान खेत में जुताई के वक्त पुलिस मौजूद रही। मामले में एक पक्ष के किसान रामदास एवं भारतीय किसान यूनियन रोड़ के राष्ट्रीय अध्यक्ष पदम सिंह रोड़ का आरोप है कि जमीन का मामला कोर्ट में विचाराधीन है और उनका 1975 से जमीन पर कब्जा चला आ रहा है। कोर्ट की तरफ से जमीन कब्जा मुक्त कराने के कोई आदेश नहीं है। बावजूद इसके उनके खेतों पर जबरन कब्जा किया जा रहा है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष पदम सिंह रोड़ ने चेतावनी दी है कि पुलिस की कार्यशैली के खिलाफ किसान डीजीपी देहरादून पहुंचकर शिकायत करेंगे। एसपी देहात शेखर चंद सुयाल ने बताया कि जिस पक्ष ने कब्जा लिया है उसकी तरफ से लगातार पुलिस को शिकायत की जा रही है। साथ ही उनके पास भूमि संबंधित सभी कागजात उपलब्ध है। शांति व्यवस्था के मद्देनजर पुलिस बल मौजूद रहा।