हज यात्रा-2027 के लिए चयनित आवेदकों को बड़ी राहत मिली है। हज कमेटी ऑफ इंडिया, मुंबई ने पहली किस्त जमा करने की अंतिम तिथि बढ़ाकर 17 अगस्त कर दी है। इससे उन आवेदकों को राहत मिलेगी जो निर्धारित समय में धनराशि जमा कराने में कठिनाई का सामना कर रहे थे।
उत्तराखंड राज्य हज समिति के अध्यक्ष खतीब अहमद की ओर से अधिशासी अधिकारी मोहम्मद आरिफ ने बताया कि सेंट्रल हज कमेटी मुंबई के सर्कुलर के अनुसार हज 2027 की पहली किस्त जमा करने की अंतिम तिथि पहले 10 अगस्त निर्धारित की गई थी। इसे अब बढ़ाकर 17 अगस्त कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि चयनित हज आवेदकों को पहली किस्त के रूप में प्रति आवेदक 1,52,300 रुपये जमा करने होंगे।
यह राशि हज कमेटी ऑफ इंडिया, मुंबई के खाते में भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) अथवा यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के माध्यम से जमा कराई जा सकती है। आवेदक संबंधित बैंक की वेबसाइट से पे-इन स्लिप डाउनलोड कर भुगतान कर सकते हैं। इसके अलावा हज कमेटी की वेबसाइट और सुविधा ऐप के माध्यम से ऑनलाइन ई-भुगतान की सुविधा भी उपलब्ध है। हज समिति के अध्यक्ष खतीब अहमद ने पहली किस्त जमा करने की अवधि बढ़ाए जाने पर प्रधानमंत्री, केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्री एवं सीएम एवं मंत्री खजान दास का आभार व्यक्त किया।
चयन रद्द कराने पर ऐसे होगी कटौती
- पहली किस्त जमा करने के बाद यदि कोई चयनित हज आवेदक अपना चयन रद्द कराता है तो हज गाइडलाइन के अनुसार जमा धनराशि में निर्धारित कटौती की जाएगी। 30 सितंबर तक चयन रद्द कराने पर 5,000 रुपये, 1 से 15 अक्तूबर तक 10,000 रुपये, 16 से 31 अक्तूबर तक 15,000 रुपये, 1 से 15 नवंबर तक चयन रद्द कराने पर 20,000 रुपये, 16 से 30 नवंबर तक 25,000 रुपये, 1 से 15 दिसंबर तक 30,000 रुपये, 16 से 31 दिसंबर तक 35,000 रुपये, 1 से 15 जनवरी 2027 तक चयन रद्द कराने पर 40,000 रुपये, 16 से 31 जनवरी तक 50,000 रुपये काटे जाएंगे। 31 जनवरी 2027 के बाद किसी भी स्थिति में जमा धनराशि वापस नहीं की जाएगी। हज आवेदक की मृत्यु, इद्दत, गंभीर चिकित्सकीय आपात स्थिति और गर्भावस्था आदि मामलों में भी हज गाइडलाइन के प्रावधानों के अनुसार धनराशि में कटौती की जाएगी।