अमर उजाला ब्यूरो
लक्सर। लोन दिलाने के लिए आई कॉल के बाद क्षेत्र के एक युवक ने ढाई लाख रुपये गवां दिए। कॉल करने वाले ने स्वयं को खादी ग्रामोद्योग मंत्रालय का बड़ा अधिकारी बताया था। मोबाइल स्विच ऑफ होने पर युवक को ठगी का अहसास हुआ। युवक ने मामले की शिकायत पुलिस से की है। पुलिस ने मामला साइबर सेल में शिकायत करने के लिए कहा है।
लक्सर कोतवाली क्षेत्र के मुटकाबाद के धर्मवीर पुत्र सहेंद्र ने अपनी जमीन में मुर्गी फार्म खोल रखा है। उसने पुलिस को बताया कि 17 जून को उसके फोन पर एक कॉल आई। कॉल करने वाले ने उसके व्यवसाय के बारे में पूछने के बाद उसे बड़े स्तर पर व्यवसाय चलाने के लिए प्रेरित किया। फोन करने वाले ने स्वयं को दिल्ली स्थित खादी ग्रामोद्योग मंत्रालय का बड़ा अधिकारी बताते हुए कहा कि वह उसे बिना ब्याज के 10 लाख रुपये का लोन दिला देगा। धर्मवीर उसके झांसे में आ गया। उसने धर्मवीर से कुछ ऑनलाइन फार्म भरवाए। साथ ही भरोसा दिलाया कि उसका फार्म लोन की स्वीकृति के लिए उच्चाधिकारियों को भेज दिया गया है। धर्मवीर का कहना है कि कॉल करने वाले ने उससे कहा कि उसका काम होने से पहले उसे 25 प्रतिशत रकम विभागीय खाते में जमा करनी होगी, इसके बाद विभाग की ओर से 10 लाख रुपये के ऋण की रकम उसके खाते में ऑनलाइन ट्रांसफर कर दी जाएगी। धर्मवीर ने उस व्यक्ति की ओर से बताए गए अलग- अलग खातों में 19 से 25 जून के बीच पांच बार में दो लाख 41 हजार 500 रुपये जमा कराए। जब तय तिथि तक उसके खाते में 10 लाख रुपये नहीं आए तो उसने उस व्यक्ति के फोन पर संपर्क किया, लेकिन उसका फोन लगातार स्विच ऑफ आ रहा है।
धर्मवीर का कहना है कि उसने खादी ग्रामोद्योग मंत्रालय के दिल्ली ऑफिस पहुंचकर जानकारी हासिल की तो पता चला कि ऐसे किसी व्यक्ति को लेकर अनभिज्ञता जाहिर की। बताया कि जिला उद्योग केंद्र के माध्यम से लोन दिलावाया जाता है। लोन बैंक की ओर से दिया जाता है। तब धर्मवीर को ठगी का अहसास हुआ।
बृहस्पतिवार को धर्मवीर ने लक्सर कोतवाली पहुंचकर मामले की शिकायत पुलिस से की। उधर कोतवाल अमर चंद शर्मा का कहना है कि धर्मवीर के साथ हुई ठगी का मामला ऑनलाइन ठगी से जुड़ा हुआ है। इसलिए युवक को साइबर सेल में शिकायत करने के लिए भेजा गया है।