रुड़की। 18 दिन पहले बैटरी चोरी और पुलिस पर फायरिंग के दो बदमाशों को पुलिस ने एसडीएम चौक के पास से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपियों से एक तमंचा और जिंदा कारतूस बरामद किया है। साथ ही इनकी निशानदेही पर पुलिस ने वारदात में प्रयुक्त तमंचा और खोखा भी बरामद कर लिया है। फरार तीन बदमाशों की तलाश में दबिश दी जा रही है।
रविवार को सिविल लाइंस कोतवाली में एसपी देहात मणिकांत मिश्रा ने बताया कि कलियर थाना क्षेत्र के धनौरी में भारती इंफ्राटेल कंपनी का एक टावर है। 20 दिसंबर की रात कुछ बदमाशों ने टावर से बैटरी चुरा ली थी। इस पर टावर का सायरन बजा और कंपनी अधिकारी व कलियर पुलिस मौके पर पहुंच गई, लेकिन तब तक बदमाश फरार हो चुके थे। वायरलेस पर सूचना फ्लैश होने पर गंगनहर कोतवाली पुलिस ने बदमाशों को रोकने का प्रयास किया, लेकिन बदमाश पुलिस की गाड़ी को टक्कर मार फायरिंग करते हुए फरार हो गए थे। सालियर चेकपोस्ट पर पुलिस ने नाकेबंदी करते हुए बदमाशों को दबोचने का प्रयास किया, लेकिन बदमाश कार छोड़कर फरार हो गए। इसके बाद पुलिस ने इनकी कार से बैटरी बरामद की। इस मामले में कलियर पुलिस ने बैटरी चोरी और गंगनहर कोतवाली पुलिस ने हमले का मुकदमा दर्ज किया।
शनिवार को कलियर पुलिस को सूचना मिली की वारदात के दो आरोपी सहारनपुर से रुड़की की ओर आ रहे हैं। पुलिस ने दोनों बदमाशों को एसडीएम चौक पर रोक लिया और लंबी पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया। एसपी देहात ने बताया कि गिरफ्तार बदमाश राशिद (निवासी शहाबुद्दीनपुर रोड, मुजफ्फरनगर) और शाबिर (निवासी कबाड़ी बाजार के पीछे मोहल्ला पठानपुरा, नजीबाबाद) ने अपने तीन साथी नदीम (निवासी कबाड़ी बाजार नजीबाबाद), बिलाल और सलमान (उर्फ बच्ची निवासीगण बधरा थाना तितावी) के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने राशिद और शाबिर को जेल भेज दिया। उसके बाद फरार तीनों बदमाशों की तलाश में दबिश दी जा रही है। एसपी देहात ने बताया कि बदमाशों ने जिस कार से वारदात को अंजाम दिया था। वह उन्होंने सवा माह पहले पंजाब नेशनल बैंक चरथावल के सामने से चुराई थी। आरोपियों से एक तमंचा और जिंदा कारतूस बरामद किया है। इसके बाद आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में प्रयुक्त तमंचा और खोखा बरामद किया। इस दौरान सीओ एके सिंह, सिविल लाइंस कोतवाल साधना त्यागी, थाना अध्यक्ष कलियर देशराज शर्मा, एसआई रणजीत तोमर आदि मौजूद रहे।
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गिरोह का सरगना है शाबिर
एसपी देहात ने बताया कि गिरोह का सरगना शाबिर है। इस पर करीब एक दर्जन लूट और चोरी के मुकदमे दर्ज हैं। पिछले दिनों वह लूट के मामले में जेल में बंद था। इसकी सलमान और बिलाल ने जमानत कराई थी। जिसके चलते सलमान और बिलाल की उस पर करीब डेढ़ लाख की देनदारी थी। जेल से छूटने के बाद सलमान और बिलाल उस पर पैसे देने के लिए दबाओ बना रहे थे। जिसके चलते शाबिर ने चोरी की घटना को अंजाम दिया।