पिरान कलियर। कलियर गंगनहर में लोगों के डूबने का सिलसिला जारी है। इस साल मार्च और अप्रैल में आठ लोगों की डूबने से मौत हो चुकी है। गर्मियां शुरू होने के साथ ही गंगनहर में नहाने वाले युवाओं और जायरीनों की भीड़ जुटने लगी है। गर्मी से राहत पाने के लिए गंगनहर में लगाई जाने वाली छलांग कई बार अंतिम छलांग साबित होती है। गंगनहर में कई ऐसे खतरनाक जगह हैं जहां से छलांग लगाकर कई युवक, किशोर अपनी जान गवां चुके हैं। हर साल औसतन 12 से अधिक युवक गंगनहर में नहाते समय डूब जाते हैं।
गर्मियां शुरू होते ही तैराकी के शौकीन युवक, किशोर और जायरीन स्नान करने के लिए गंगनहर पहुंचते हैं। यहां पर पुल और अन्य स्थानों से गंगनहर में छलांग लगाते हैं। बाहर से आने वाले जायरीन भी स्नान करने के लिए गंगनहर के घाटों पर जाते हैं। कई बार युवक गंगनहर ऐसे खतरनाक क्षेत्र में पहुंच जाते है जहां से निकलना मुश्किल हो जाता है। शायद ही कोई ऐसा साल हो जब गंगनहर में स्नान करने वाले 12 से अधिक लोग डूबे न हो। इस साल (मार्च और अप्रैल) दो माह के भीतर गंगनहर में डूबने से बच्चों सहित आठ लोगों की मौत हो चुकी है। इसकी एक बड़ी वजह है कि गंगनहर में तैरने के लिए आने वाले युवकों को पता हीं नही है कि गंगनहर में कहां पर छलांग लगानी है, युवक खतरनाक क्षेत्र में पहुंच जाते हैं। वहां से निकलना नामुमकिन हो जाता है। इन खतरनाक जगहों पर प्रशासन की ओर से आज तक खतरनाक जोन चिह्नित नहीं किया है और न ही घाटों पर जंजीर लगाई गई है। गर्मी से राहत पाने के लिए गंगनहर में लगाई गई छलांग कई बार मौत का कारण बन जाती है।
यह है समाधान
पिरान कलियर। समाज सेवी अकरम प्रधान, कासिम खान,नाजिम त्यागी, अनवर जमाल काजमी, खालिद साबरी आदि लोगों का कहना है कि दरगाह साबिर पाक में हजारों जायरीन जियारत करने के लिए आते हैं और गंगनहर में स्नान करने जाते हैं। इसके मद्देनजर गंगनहर के घाटों पर खतरनाक जगहों पर साइन बोर्ड लगने चाहिए। इस पर गंगनहर की गहराई और पानी की रफ्तार आदि का वर्णन हो। गर्मियों के दिनों में गोताखोरों की व्यवस्था होनी चाहिए, गंगनहर के दोनों और किनारों पर एक रस्सा बंधा होना चाहिए, जिससे स्नान करने वाले लोगों को मदद मिल सके। ब्यूरो
घाटों पर जंजीर और जाल लगाने को जेएम को दिया ज्ञापन
पिरान कलियर। स्थानीय लोगों ने जेएम नरेंद्र सिंह भंडारी को ज्ञापन देकर गंगनहर पर जल पुलिस की तैनाती और घाटों पर जंजीर एवं जाल लगाने की मांग की है। युवजन सभा के पूर्व जिलाध्यक्ष मौसम अली और स्थानीय लोगों ने जेएम को ज्ञापन देकर बताया कि कलियर दरगाह साबिर पाक में हजारों की तादाद में जायरीन आते हैं। गंगनहर में स्नान करते वक्त तेज बहाव में हर साल कई लोग डूब जाते हैं। जेएम नरेंद्र सिंह भंडारी ने लोगों को समस्या का समाधान कराने का आश्वासन दिया है। इस मौके पर शाह खालिकमियां, नईम सिद्दीकी, आस मोहम्मद, शहनवाज आदि मौजूद रहे। ब्यूरो