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कहीं ऊर्जा निगम तो कहीं एडीबी कर रहा जल की बर्बादी

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रुड़की। गर्मी बढ़ते ही शहर में पानी की मांग बढ़ गई है, लेकिन जल संस्थान का ‘जल ही जीवन’ का नारा, ऊर्जा निगम के लिए कोई मायने नहीं रखता। ऊर्जा निगम ने शहर में कई स्थानों पर पेयजल लाइन क्षतिग्रस्त कर दी है। जिससे प्रतिदिन हजारों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। दूसरी तरफ एडीबी (एशियन डेवलपमेंट बैंक) ने रामनगर क्षेत्र में सीवर लाइन बिछाने के दौरान क्षतिग्रस्त की पेयजल लाइन से रात-दिन हजारों लीटर पानी सड़कों और नालियों में बह रहा है, लेकिन इस तरफ कोई ध्यान नहीं दे रहा है।
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ऊर्जा निगम ने देहरादून मार्ग पर नए बिजली के पोल लगाने के लिए पांच जगहों पर पेयजल लाइन क्षतिग्रस्त कर दी है। जल संस्थान के अवर अभियंता ने इस बाबत ऊर्जा निगम के एजीएम को एक पत्र भेजा है। इसमें जल्द संबंधित स्थानों पर क्षतिग्रस्त लाइन को दुरुस्त करने को कहा गया है। जल संस्थान के अवर अभियंता राजेश निर्वाल ने बताया कि ऊर्जा निगम की ओर से गणेशपुर में सत्य नारायण मंदिर वाली गली, मालवीय चौक पर ट्रू वैल्यू शोरूम के सामने, रामनगर स्थित 220 केवी के बिजलीघर के सामने, ऋषिनगर और रामनगर में अशोक मार्ग के सामने पेयजल लाइन क्षतिग्रस्त कर दी है। इससे हजारों लीटर पेयजल बेकार बह रहा है। उन्होंने बताया कि पेयजल लाइन के लीकेज ठीक करने के लिए ऊर्जा निगम के एजीएम को पत्र लिखा गया है। अधिशासी अभियंता को भी घटना से अवगत कराया गया है। यदि जल्द ऊर्जा निगम की ओर से पेयजल लाइन का लीकेज ठीक नहीं कराया जाता तो आगे की कार्रवाई की जाएगी।

शहर में ऊर्जा निगम की ओर से पेयजल लाइन क्षतिग्रस्त करने की सूचना नहीं है। जल संस्थान की ओर से भेजे गए पत्र का इंतजार किया जा रहा है। जल्द ही लीकेज ठीक करवाया जाएगा।
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अनूप सैनी, अधिशासी अभियंता, ऊर्जा निगम रुड़की शहरी क्षेत्र

ब्लॉक कार्यालय के बाहर भी बह रहा पानी
एडीबी की ओर से रामनगर क्षेत्र में डाली गई सीवर लाइन के कारण ब्लॉक कार्यालय के गेट के सामने पेयजल लाइन एक महीने से क्षतिग्रस्त हो रखी है। जब सुबह-शाम पानी खुलता है तो यहां पर कई हजार लीटर पानी बेकार नाली में बह जाता है। बारिश के दिन तो ब्लॉक के गेट के सामने स्थिति और बेकार हो जाती है, लेकिन पेयजल लाइन को ठीक करने के लिए न तो जल संस्थान के अधिकारी कदम उठा रहे हैं और न एडीबी इस लीकेज को ठीक करा रहे हैं।
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