रुड़की। घरेलू गैस सिलेंडर लगी वैन से मासूम ढोए जा रहे हैं। ऐसी वाहनों के खिलाफ परिवहन विभाग और पुलिस कोई कार्रवाई नहीं करती। ऐसे में वाहन चालकों के हौसले बुलंद हैं। हर समय हादसे का अंदेशा बना रहता है। इन कारों की संख्या 25 बतायी जा रही है।
शहर में जादूगर रोड, दिल्ली रोड, भगवानपुर रोड, हरिद्वार रोड पर स्थित कई प्राइवेट और संस्थाओं द्वारा संचालित स्कूलों में निजी वैन संचालकों ने गैस किट लगाई है। घरेलू गैस सिलेंडर लगाकर वैन चलाई जा रहा है जबकि घरेलू गैस सिलेंडर लगे वाहनों से स्कूली बच्चों को ढोना गैर कानूनी है। फिर भी वैन संचालक नियमों को अनदेखा कर रहे हैं।
वैन संचालकों की ओर से मासूमों के अभिभावकों से भी कार में गैस सिलेंडर लगाने की बात छुपायी जाती है। बताया जा रहा है कि अलग-अलग स्कूलों में गैस सिलेंडर लगी करीब 25 वैन का संचालन हो रहा है। ऐसी वैन से स्कूली बच्चे ढोने को न तो स्कूल प्रबंधन मना करता है और न ही परिवहन विभाग इन वैन की आकस्मिक जांच करता। पुलिस भी स्कूली वाहनों को लेकर कोई कार्रवाई नहीं करती।
कोट-
एलपीजी गैस सिलेंडर लगी स्कूली वैन से स्कूली बच्चों को ढोना गैरकानूनी है। ऐसे वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। गैस किट लगे वाहनों को सीज किया जाएगा।
एनके ओझा, एआरटीओ (प्रवर्तन) रुड़की