बाराबंकी। कोतवाली क्षेत्र रामनगर के बुढ़गौरा निवासी जनसेवा केंद्र संचालक शिवम यादव को दिल्ली की साइबर पुलिस ने सूरतंगज से बाराबंकी पुलिस के सहयोग से गिरफ्तार कर लिया। पड़ताल में पता चला कि शिवम पांच राज्यों में हुई साइबर ठगी में लिप्त था। शहर के चिकित्सक के साथ हुई 61 लाख की ठगी में भी वह एक मोहरा था।
पुलिस के अनुसार आठ महीने पहले बाराबंकी शहर निवासी चिकित्सक डॉ. योगेश वर्मा को सीबीआई आदि के नाम पर धमकाकर साइबर ठगों ने 61 लाख रुपये वसूले थे। उस मामले में पुलिस ने शिवम को गिरफ्तार किया था। पता चला है कि शिवम ठगों के कहने पर भोले-भाले लोगों को झांसा देकर खाते खुलवाता है।
इस बीच नई दिल्ली के उत्तर पूर्व साइबर थाने में दर्ज ठगी के एक केस में शिवम का नाम सामने आया। शुक्रवार को दिल्ली पुलिस के सब इंस्पेक्टर नंदन सिंह चौहान की टीम बाराबंकी पहुंची। स्थानीय पुलिस के सहयोग से शिवम को गिरफ्तार कर दिल्ली पुलिस साथ ले गई।
पड़ताल में पता लगा कि कुछ दिन पहले ही हरियाणा के गुरुग्राम पश्चिम साइबर थाने की पुलिस ने भी शिवम को गिरफ्तार किया था। साइबर थाना के एसएचओ आलोक वर्मा ने बताया कि राजस्थान के उदयपुर व पं. बंगाल में भी हुई ठगी में भी शिवम का नाम सामने आया है।