उत्तराखंड राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन की ओर से स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से उल्लेखनीय काम करने वाली महिलाओं को सम्मानपत्र देकर उनका हौंसला बढ़ाया गया। विकास और स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए उनके प्रयासों की सराहना की गई।
शनिवार को ब्लाॅक सभागार में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि डोईवाला ब्लाॅक प्रमुख गौरव सिंह ने स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं की ओर से किए गए उत्कृष्ट कार्य, निष्ठा, सहभागिता और सामुदायिक विकास को गति देने के लिए 122 महिलाओं को सम्मान पत्र देकर उत्साहवर्द्धन किया गया।
ब्लाॅक प्रमुख गौरव सिंह ने कहा कि स्वयं सहायता समूह ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ बनते जा रहे हैं। समूहों के माध्यम से महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं। गांवों में रोजगार के नए अवसर सृजित हो रहे हैं। समूहों के माध्यम से उल्लेखनीय सेवाएं देने वाली महिलाएं सम्मान की हकदार है।
खंड विकास अधिकारी परशुराम सकलानी ने कहा कि डोईवाला ब्लाॅक में समूह की महिलाएं आज सफलतापूर्वक स्वरोजगार की गतिविधियों में जुड़ी है। एनआएएलएम के ब्लाॅक मिशन प्रबंधक सूरज चमोली ने कहा कि मिशन के तहत ग्रामीण परिवारों की विशेषकर महिलाओं को संगठित कर उन्हें स्वरोजगार और आजीविका के अवसर दिए जा रहे हैं। इस दौरान सहायक खंड विकास अधिकारी आशीष बहुगुणा, रश्मि देवी आदि उपस्थित रहे।