देहरादून एयरपोर्ट से सटे चार गांव सैनिक मोहल्ला, बिचली जौली, बागी और कोठारी मोहल्ले के लोगों ने मार्ग की खस्ता हालत को लेकर धरना-प्रदर्शन किया। सड़क नहीं तो वोट नहीं की चेतावनी दी। राजकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय कोठारी मोहल्ले के प्रांगण में आयोजित धरना-प्रदर्शन के दौरान स्थानीय निवासी राजेंद्र नेगी ने कहा कि एयरपोर्ट बाउंड्री के बगल से जा रहे मात्र 12 फीट चौड़े और 800 मीटर लंबे मार्ग को 2006-07 में एयरपोर्ट के विस्तारीकरण के बाद बनाया गया था। तब से लेकर अब तक सिर्फ एक बार उसका डामरीकरण किया है। वर्तमान में सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं। इसमें गिरकर ग्रामीण और स्कूली बच्चे चोटिल हो रहे हैं। क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों से लेकर संबंधित विभागों को कई बार समस्या से अवगत कराया गया, बावजूद मार्ग का डामरीकरण नहीं हो पाया है।
ग्रामीण सूरज नेगी ने कहा कि खस्ताहाल मार्ग के कारण एंबुलेंस, फायरबिग्रेड गांवों में नहीं पहुंच पाती हैं। लोगों को हमेशा चोटिल होने का भय बना रहता है। जब तक मार्ग नहीं बन जाता तब तक विरोध जारी रहेगा। मौके पर पहुंचे निवर्तमान सभासद राजेश भट्ट ने कहा कि मार्ग के निर्माण का प्रस्ताव संबंधित विभाग और क्षेत्रीय विधायक को दिया है। जल्द सड़क का निर्माण शुरू किया जाएगा। इस मौके पर हरीश रावत, शंकर, आनंद सिंधवाल, रवि रावत, नरेश रावत, सौरभ तिवाड़ी, पुष्कर बिष्ट, सुरेंद्र नेगी, महावीर पुंडीर आदि मौजूद रहे।
दर्जनों एयरपोर्ट कर्मियों को भी होती है परेशानी
एयरपोर्ट मौसम विभाग, फायर विभाग, एटीसी, सीआईएसएफ आदि के लिए कुछ समय पहले एक बड़ा गेट मौसम विभाग के पीछे की तरफ बनाया गया है। इससे हर रोज दर्जनों एयरपोर्ट कर्मी आवाजाही करते हैं। यह मार्ग काफी व्यस्त हो गया है। मौसमकर्मी भगीरथ ढौंडियाल ने कहा कि उन्हें कई बार सुबह तड़के अंधेरे में या रात में ड्यूटी के लिए इस मार्ग से सफर करना पड़ता है। गड्ढों के कारण हमेशा दुर्घटना का भय बना रहता है।
पांच रास्ते बंद होने के बाद मिला था यह मार्ग
वर्ष 2006-07 में एयरपोर्ट के पहले विस्तारीकरण के बाद ऋषिकेश मुख्य मार्ग तक जाने वाले करीब पांच रास्ते बंद हो गए थे। इस कारण चार गांवों का मुख्य मार्ग से सीधा संपर्क ठप हो गया था। उस समय की ग्राम प्रधान सरिता पुंडीर और उपप्रधान राजेश भट्ट के नेतृत्व में दर्जनों ग्रामीणों के करीब एक माह तक अनशन के बाद हिमालयन अस्पताल प्रशासन ने एक 12 फिट चौड़ा और लगभग 800 मीटर लंबा रास्ता दिया था। लेकिन, वर्तमान में इस मार्ग का चोरपुलिया की तरफ वाला एक हिस्सा एयरपोर्ट के दूसरे विस्तारीकरण में चला गया है। इसके बदले प्रशासन ने एक निजी भूमि से रास्ते के लिए जमीन अधिग्रहण कर ली है। ग्रामीणों का कहना है कि स्व. दयाल सिंह के यहां से आगे तक अधिग्रहण से बचे हुए मार्ग पर करीब 700 मीटर लंबाई में शीघ्र डामरीकरण किया जाए।