ऋषिकेश। कोराना वैक्सीन की खेप न मिलने से योगनगरी का सबसे बड़े वैक्सीनेशन सेंटर एसपीएस ऋषिकेश बंद हो गया। पौड़ी जिले के यमकेश्वर में भी वैक्सीनेशन नहीं हो पाया। वैक्सीनेशन सेंटरों के बंद होने से लोगों बैरंग वापस घर लौटना पड़ा। हालांकि मुनिकीरेती क्षेत्र में वैक्सीनेशन जारी रहने से लोगों ने राहत की सांस ली।
रविवार को पांच ऋषिकेश में कोरोना वैक्सीन उपलब्ध न होने से पांच वैक्सीनेशन सेंटरों में ताले लग गए। एसपीएस ऋषिकेश, पूर्व माध्यमिक विद्यालय नंबर एक, भरत मंदिर इंटर कॉलेज, सत्संग भवन एक और सत्संग भवन दो स्थित सेंटरों में वैक्सीनेशन कार्य ठप रहा। नोडल अधिकारी डॉ. एसके पंत ने बताया कि वैक्सीन आने के बाद ही 18 से 44 आयु वर्ग और 45 आयु वर्ग से ऊपर वाले लोगों को वैक्सीन लगाई जाएगी।
उधर, पौड़ी जिला अंतर्गत यमकेश्वर ब्लॉक में भी दोनों वर्गों के लिए वैक्सीन समाप्त है। नोडल अधिकारी डॉ. राजीव कुमार ने बताया कि शनिवार, रविवार और बुधवार को यमकेश्वर ब्लॉक के वैक्सीनेशन सेंटरों में किसी भी आयु वर्ग के लोगों को वैक्सीन नहीं लगती है। सोमवार को वैक्सीन लगाने के लिए अभी तक उनके पास वैक्सीन नहीं पहुंची है। वैक्सीन आने के बाद ही वैक्सीनेशन शुरू होगा। उधर, मुनिकीरेती स्थित पूर्णानंद इंटर कॉलेज में 18 से 44 आयु वर्ग के 551 लोगों को कोरोना की वैक्सीन लगाई गई। इसके अलावा 45 आयु वर्ग के ऊपर वाले 207 लोगों को कोरोना की वैक्सीन लगाई गई।
894 लोगों की कोविड-19 जांच, एक संक्रमित
तीर्थनगरी में कोरोना संक्रमितों की संख्या घटनी शुरू हो गई है। रविवार को लक्ष्मणझूला, मुनिकीरेती और ऋषिकेश क्षेत्र में 894 लोगों की कोविड-19 जांच की गई। इसमें एक लोग संक्रमित मिले हैं। सरकारी अस्पताल में 46 और यमकेश्वर ब्लॉक में 330 लोगों की कोविड-19 जांच की गई। इसमें सभी की रिपोर्ट नेगेटिव रही। मुनिकीरेती में 518 लोगों की कोविड-19 जांच की गई। इनमें एक संक्रमित मिला।