अर्द्धकुंभ के तीसरे स्नान पर्व पर भी बाहरी प्रांतों के श्रद्धालुओं ने तीर्थनगरी की ओर रुख कम ही किया। इसकी तस्दीक रेलवे स्टेशन पर इक्का-दुक्का यात्रियों चहलकदमी ने की। स्थिति यह रही कि प्लेटफार्म पर यात्री कम और सुरक्षाकर्मी ज्यादा नजर आए। भीड़ से निपटने के लिए रेलवे ने एक जोड़ी मेला स्पेशल ट्रेन भी संचालित की।
लेकिन इस ट्रेन में भी सामान्य से कम लोगों ने ही यात्रा की। शुक्रवार को रेलवे और पुलिस प्रशासन की ओर से अर्द्धकुंभ में वसंत पंचमी के तीसरे स्नान के लिए सभी तैयारियां चाक चौबंद रहीं। यातायात में असुविधा नहीं हो इसके लिए एक जोड़ी अतिरिक्त मेला स्पेशल ट्रेन संचालित की गई।
सुरक्षा के मद्देनजर सीमा सुरक्षा बल, जीआरपी और रेलवे पुलिस फोर्स के जवान स्टेशन परिसर, प्लेटफार्म और अन्य स्थानों पर तैनात रहे। लेकिन वसंत पंचमी पर्व के चलते बाहरी प्रांतों से श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने का अनुमान था, वो नजर नहीं आया। रेलवे सूत्रों के मुुताबिक स्टेशन पर सुबह से शाम तक दैनिक यात्रियों की ही आमद रही।
हरिद्वार और ऋषिकेश के बीच संचालित विशेष मेला ट्रेन में भी श्रद्धालुओं की भीड़ गायब थी। रेलवे स्टेशन पर ऑफ सीजन की तरह सन्नाटे जैसी स्थिति रही। सुरक्षाकर्मी ही चहलकदमी करते नजर आए।
बीते आठ फरवरी को सोमवती अमावस्या स्नान पर्व पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी थी। रेलवे को एक लाख से अधिक का राजस्व प्राप्त हुआ था। लेकिन वसंत पंचमी में तीसरे स्नान पर श्रद्धालु कम ही आए। रेलवे को अनुमानित 20 हजार का राजस्व मिला है।-मनोज सिंह, स्टेशन मास्टर