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व्यापारियों को सुनाया एनजीटी का फरमान

Wed, 17 Feb 2016 01:48 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/ऋषिकेश
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पॉलिथीन प्रतिबंध को लेकर आयोजित प्रशासनिक बैठक में कोई ठोस सहमति नहीं बन पाई। बैठक में शामिल व्यापारियों का कहना था कि प्रशासन की ओर से अभी तक प्रतिबंधित पॉलिथीन का मानक तय नहीं किया गया है। लिहाजा असमंजस की स्थिति बनी हुई है। उन्होंने प्रशासन पर पॉलिथीन प्रतिबंध को लेकर व्यापारियों के उत्पीड़न का आरोप लगाया। मंगलवार को नगर पालिका सभागार में प्रशासनिक नुमाइंदों के साथ व्यापार मंडल की बैठक हुई।
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इसमें तहसीलदार केडी जोशी ने व्यापारियों को नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के पॉलिथीन के बाबत दिए गए दिशा निर्देशों से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि एनजीटी ने कैरीबैग, प्लास्टिक प्लेट, गिलास, चम्मच आदि वस्तुओं पर प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए हैं। व्यापार मंडल के जयदत्त शर्मा ने पॉलिथीन के कैरी बैग पर सही मानकों को तय करने पर जोर दिया।

उन्होंने कहा कि मानक तय नहीं होने से पहले व्यापारियों का किसी तरह से उत्पीड़न नहीं किया जाए। उन्होंने बताया कि बाहर से आने वाले प्लास्टिक पैक दूध, पानी की बोतलें सहित तमाम सामग्रियां बाजार में प्लास्टिक पैकिंग में उपलब्ध हैं। प्रशासन प्लास्टिक पैक में आने वाली सामग्री पर रोक लगाने की बजाए व्यापारियों का उत्पीड़न कर रहा है, जो गलत है।
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इस दौरान व्यापार मंडल की ओर से नगर पालिका को 10 किलोग्राम कपडे़ के बैग उपलब्ध कराए गए। बैठक में निकाय के अधिशासी अधिकारी बीपीएस चौहान, व्यापार सभा के अध्यक्ष नवल कपूर, अरविंद भट्ट, पवन शर्मा, प्रदीप कालड़ा, गोपाल रस्तोगी, गोपाल शर्मा, विजय गर्ग, संजय व्यास, प्रतीक कुमार, दीनदयाल गुप्ता, सुनील कुमार, सचिन अग्रवाल, देवपाल चावला, सुनील अग्रवाल आदि मौजूद थे।


नगर पालिका अभियान चलाकर वसूलेगी जुर्माना
नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी वीपीएस चौहान ने कहा कि नगर पालिका नियमित रूप से नगर क्षेत्र में पॉलिथीन प्रतिबंध के तहत अभियान चलाएगी। उन्होंने बताया कि इसका इस्तेमाल करने वाले व्यापारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। ईओ के अनुसार कैरीबैग का स्टॉक रखने वालों से पांच हजार रुपये, बायो केमिकल पर दो हजार रुपये जुर्माना वसूला जाएगा। इसके अलावा प्लास्टिक कैरीबैग उपयोग करने वाले लोगों पर 100 रुपये जुर्माना लिया जाएगा और उन्हें कपड़े का बैग दिया जाएगा। 
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