तहसील में अघोषित विद्युत कटौती का खामियाजा बुधवार को आम जनता को भुगतना पड़ा। बिजली की वैकल्पिक व्यवस्था नहीं होने के कारण सभी ऑनलाइन कार्य ठप हो गए। ऐसे में न ही ई-डिस्ट्रिक्ट केंद्र से आवश्यक प्रमाण पत्र जारी हुए और न ही ऑनलाइन आवेदन हो सके। लोगों को भूमि की कंप्यूटरीकृत खतौनी भी नहीं मिल सकी।
घंटो इंतजार के बाद विद्युत व्यवस्था के बहाल नहीं होने पर लोग मायूस को होकर लौटे। सुबह करीब 11 बजे अचानक बत्ती गुल हो गई। तहसील स्थित ई-डिस्ट्रिक्ट केंद्र और कंप्यूटरीकृत खतौनी कक्ष के कंप्यूटर बंद होने से सारा कामकाज बाधित हो गया।
ई-डिस्ट्रिक्ट केंद्र के बाहर आय, जाति, स्थायी प्रमाण पत्र लेने और आवश्यक प्रमाणपत्र के लिए आवेदन करने आए कतार में खड़े लोग बिजली आने का इंतजार करने लगे। लेकिन दो बजे तक विद्युत आपूर्ति बहाल नहीं होने पर लोगों को निराश होकर लौटना पड़ा।
कंप्यूटरीकृत खतौनी कक्ष में कामकाज ठप रहा। रानीपोखरी से आए देवेंद्र गैरोला, राजेंद्र सिंह ने बताया कि भूमि की कंप्यूटरीकृत खतौनी निकालने आए थे। लेकिन विद्युत आपूर्ति बाधित होने से काम नहीं हुआ। तहसील में हावी अव्यवस्था पर लोगों ने नाराजगी जताई। उन्होंने मुख्यमंत्री हरीश रावत से समस्या के समाधान की गुहार लगाई।
वकीलों ने किया प्रदर्शन
घंटों आपूर्ति बाधित होने और तहसील में बिजली के वैकल्पिक इंतजाम नहीं करने पर भड़के वकीलों ने प्रदर्शन किया। उन्होंने प्रशासन पर जनता के हितों की अनदेखी का आरोप लगाया। बार एसोसिएशन अध्यक्ष राजेंद्र सिंह सजवाण ने कहा कि तहसील में बिजली की वैकल्पिक व्यवस्था के लिए स्टेट वाइड एरिया नेटवर्क (स्वान) ने जनरेटर सेट लगाया है।
लेकिन प्रशासन द्वारा उपयोग में नहीं लाने से जेनरेटर शोपीस बना हुआ है। वकीलों ने एक स्वर में कहा कि बिजली गुल होने पर जनहित में जनरेटर सेट संचालित करना चाहिए। उन्होंने लापरवाही बरतने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी। प्रदर्शन करने वालों में एसोसिएशन उपाध्यक्ष राकेश कंडवाल, अजय कुमार ठाकुर, लक्ष्मी प्रसाद बहुगुणा, एमपी सिंह, नरेंद्र रांगड़, भूपेंद्र कुकरेती आदि थे।
तहसील में विभिन्न विभागों को ऑनलाइन सुविधा प्रदत्त करने वाले स्वान का जनरेटर सेट है। ईंधन की व्यवस्था नहीं होने के कारण काफी समय से इसका उपयोग नहीं हो पाया है। मामले को दिखवाकर बिजली के वैकल्पिक इंतजाम किए जाएंगे।-आईडी उनियाल, नायब तहसीलदार
शैल विहार में पुरानी विद्युत लाइन बदलने के कार्य के चलते विद्युत आपूर्ति बाधित हुई है। यह अघोषित कटौती नहीं है।-अरविंद नेगी, अवर अभियंता, ऊर्जा निगम