परमार्थ निकेतन के गंगा तट पर नमो इंपैक्ट काॅफी टेबल बुक विमोचन समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में स्वामी चिदानंद सरस्वती, केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान, पूर्व राज्यपाल असम प्रो. जगदीश मुखी, गौसेवक प्रो. सुरेश चंद्र सिंघल, सांसद एवं सहकोषाध्यक्ष भाजपा नरेश बंसल, चेयरमैन नमो इम्पैक्ट टीवी जगदीश राय गोयल, चांसलर महाराजा अग्रसेन विवि डॉ. नंद किशोर गर्ग, चेयरमैन लोहिया ग्लोबल विनीत लोहिया, पूर्व जस्टिस सुप्रीम कोर्ट पंकज मित्तल ने संयुक्तरूप से नमो इम्पैक्ट काॅफी टेबल बुक का विमोचन किया।
केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान साहब ने कहा कि इस समय पूरे देश में रामलीला मनाई जा रही है। नवरात्र का उत्सव पूरे देश में है। ऐसे समय में प्रधानमंत्री के संबंध में उनकी नीति, कार्यों और नेतृत्व के बारे में विभिन्न लोगों के विचारों को विस्तार से बताने के लिए नमो इम्पैक्ट काॅफी टेबल बुक लाएं हैं। प्रधानमंत्री से संबंधित पुस्तक का विमोचन कर रहे हैं। जो राजनीतिक स्वतंत्रता, सामाजिक और आर्थिक स्वतंत्रता के बगैर अधूरी है।
उन्होंने कहा कि पहली बार आभास हुआ कि हम केवल दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र नहीं है, बल्कि हम सबसे पुराना लोकतंत्र है। पूरी दुनिया में लोकतंत्र का इतिहास 400 वर्ष पुराना है। भारत में आध्यात्मिक लोकतंत्र का इतिहास हजारों हजारों वर्ष पुराना है। भारत की सभ्यता और संस्कृति आत्मा से परिभाषित होती है। चिदानंद सरस्वती ने कहा कि नवरात्रि के पर नमो इम्पैक्ट का विमोचन, दोनों का अर्थ बहुत गहरा है। नमो से तात्पर्य ही है जो जड़़ों तक जाए, मूल तक जाए, जो सबसे जुड़े वही नमो इम्पैक्ट है।