- बीडीओ ने कहा, ग्राम विकास अधिकारी प्राथमिकता पर शुरू कराएं कार्य, ग्रामीणों की लगातार उठ रही है मांग
यमकेश्वर। विकासखंड यमकेश्वर में वीबी-जीरामजी योजना के तहत कार्यों को धरातल पर उतारने की कवायद तेज हो गई है। खंड विकास अधिकारी आकाश बेलवाल ने सभी ग्राम विकास अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि प्रत्येक ग्राम पंचायत में योजना के तहत स्वीकृत कार्यों को तत्काल शुरू करवाया जाए। बीते एक जुलाई से शुरू हुई वीबी-जीरामजी योजना ने इससे पहले चली आ रही वर्षों पुरानी मनरेगा योजना की जगह ले ली है। इसमें श्रमिक को एक वित्तीय वर्ष में 125 दिन का रोजगार 300 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से दिए जाने का प्रावधान है। योजना शुरू होने के बाद से ग्रामीण क्षेत्रों में काम की मांग लगातार बढ़ रही है, जिसे देखते हुए विकासखंड प्रशासन ने यह कदम उठाया है। बीडीओ ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि पिछले वित्तीय वर्ष की बैठकों में नए वित्तीय वर्ष की जो कार्य योजनाएं जिला स्तर से स्वीकृत होकर आई थीं, उसके अनुसार पंचायतों में कार्य करवाए जाएं। बीडीओ बेलवाल ने बताया कि वीबी-जीरामजी योजना का उद्देश्य केवल मजदूरी देना नहीं, बल्कि गांव में स्थायी संपत्तियों का निर्माण करना भी है। सभी ग्राम विकास अधिकारियों को कार्य शुरू करवाने के निर्देश दिए गए हैं।
पंचायतों ने रखी हैं ये कार्य योजनाएं
इंटरलॉक टाइल्स निर्माण कार्य, खड़ंजा निर्माण, सीसी निर्माण कार्य, आपदा क्षति के अंतर्गत पुश्ता निर्माण कार्य, चेकडैम निर्माण, बाढ़ नियंत्रण कार्य, पशुधन व आजीविका संबंधित कार्य जैसे पशु बाड़ा, मुर्गी बाड़ा, बकरी बाड़ा निर्माण आदि।