11 विकासखंड के थलनदी मैदान में आयोजित गिन्दी कौथिग हमारा पौराणिक मेला पहुंचे बीकेटीसी अध्यक्ष
विकासखंड के ऐतिहासिक थलनदी मैदान में आयोजित गिंदी कौथिग मेले के दूसरे दिन लोक संस्कृति और उत्साह का अनूठा संगम देखने को मिला। बदरी-केदार मंदिर समिति (बीकेटीसी) के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत कर मेले की रौनक बढ़ाई, जबकि प्रसिद्ध लोक गायक सौरभ मैठाणी के सुरीले गीतों ने दर्शकों को देर शाम तक झूमने पर मजबूर कर दिया।कार्यक्रम का शुभारंभ मां शारदा के चित्र पर माल्यार्पण कर किया गया। बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने कहा कि गेंद मेला यमकेश्वर क्षेत्र की प्राचीन सांस्कृतिक और लोक परंपराओं पहचान का प्रतीक है। डेढ़ सौ वर्षों से थलनदी में आयोजित हो रहा यह मेला केवल खेल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि विरासत, पहचान भाईचारे और आपसी सहयोग का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि ऐसे पारंपरिक आयोजनों से नयी पीढ़ी को अपनी संस्कृति, रीति-रिवाजों और लोक विरासत से जुड़ने का अवसर मिलता है तथा अपनी पहचान जीवित रहती है।कहा कि गिंदी कौथिग हमारा पौराणिक मेला है, जिसमें क्षेत्र के सभी लोग जुड़ते हैं और हम सबको मिलकर इस मेले को और भव्य बनाना है। मेले के समापन अवसर पर प्रसिद्ध लोक गायक सौरभ मैठाणी की प्रस्तुति मैं पहाड़ों कु रैबासी... पर क्षेत्रवासी झूम उठे। सौरभ मैठाणी ने एक के बाद एक शानदार प्रस्तुतियां दी। इस अवसर पर सुबोध नेगी, रविंद्र बिष्ट, सुनील कोटनाला, मीरा रतूड़ी, मधुसूदन बलूनी, बचन सिंह बिष्ट, प्रमिला बलूनी आदि मौजूद रहे।