एम्स में आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार में विशेषज्ञों ने देश में बढ़ रहे मुंह के कैंसर पर जागरूकता बढ़ाने और इसकी रोकथाम पर चर्चा की। विशेषज्ञों ने कहा कि मुंह के कैंसर से ग्रसित लोगों का जीवन बेहतर बनाए रखने के लिए व्यापक कार्ययोजना बनाने की आवश्यकता है।एम्स के ईएनटी विभाग, फोरेंसिक मेडिसिन और एनाटॉमी विभाग की संयुक्त पहल पर आयोजित दो दिवसीय सेमिनार का उद्घाटन निदेशक प्रो. मीनू सिंह, डीन एकेडेमिक प्रो. जया चतुर्वेदी व चिकित्सा अधीक्षक प्रो. बी सत्या श्री ने किया। कार्यक्रम के आयोजन अध्यक्ष व ईएनटी विभागाध्यक्ष प्रो. मनु मल्होत्रा ने कहा कि भारत में मुंह का कैंसर सबसे आम कैंसर है। मुंह के कैंसर से ग्रसित लोगों का जीवन बेहतर बनाए रखने के लिए व्यापक कार्ययोजना बनाने की आवश्यकता है। आयोजन सचिव डॉ. मधु प्रिया ने बताया कि ओरल कैंसर जागरूकता माह के तहत आयोजित कार्यक्रम में मुंह के कैंसर के लक्षणों की पहचान नितांत जरूरी है। निरंतर जनजागरूकता मुहिम चलाकर लोगों को इस गंभीर बीमारी से ग्रसित होने से बचाया जा सकता है। सेमिनार में देशभर से करीब 200 कैंसर विशेषज्ञों ने प्रतिभाग किया और मुंह के कैंसर की नई तकनीकों के अध्ययन एवं उपचार के अनुभवों को साझा किया।