ऋषिकेश। विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट अजय डुंगराकोटी की अदालत ने स्मैक व चरस तस्करी के आरोपी गुरुचरण उर्फ मुन्ना का जमानत प्रार्थना पत्र खारिज कर दिया। न्यायालय ने अपने आदेश में कहा कि मामले की विवेचना जारी है और साक्ष्य संकलन की कार्रवाई शेष है। पुलिस अभिलेखों में दर्ज आरोपों और उपलब्ध सामग्री पर विचार करने के बाद अदालत ने इस स्तर पर जमानत प्रार्थना पत्र को स्वीकार करने योग्य नहीं पाया।
बीते 25 सितंबर को पुलिस ने चरस व स्मैक तस्करी के आरोप में चंद्रेश्वर नगर निवासी गुरुचरण उर्फ मुन्ना को गिरफ्तार किया था। पुलिस का कहना था कि नियमित चैकिंग के दौरान गुज्जर प्लाॅट के समीप एक नीले रंग की गाड़ी के पास कुछ संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दिए। पुलिस को देखकर कुछ लोग गाड़ी लेकर भाग गए, जबकि एक व्यक्ति जंगल की ओर भागने लगा। पुलिसकर्मियों ने पीछा कर उसे पकड़ लिया। आरोपी से 435 ग्राम चरस और 14.5 ग्राम स्मैक बरामद हुई। आरोपी की पहचान गुरुचरण उफ मुन्ना निवासी चंद्रेश्वर नगर के रूप में हुई। आरोपी ने जमानत के लिए अदालत में प्रार्थना पत्र दायर किया था। जमानत पर बहस के बाद विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट अजय डुंगराकोटी की अदालत ने जमानत प्रार्थना पत्र खारिज कर दिया।