नगर पालिका अध्यक्ष पद की सीट डेढ़ दशक बाद सामान्य होने पर दावेदारों के चेहरों पर मुस्कान आ गई है। साल 2018 में अपग्रेड होने के बाद नगर पालिका डोईवाला का चुनाव हुआ था। अध्यक्ष पद की सीट अन्य पिछड़े वर्ग के लिए आरक्षित की गई थी। उच्चीकृत होने से पहले नगर पंचायत में अध्यक्ष पद अनुसूचित जाति की महिला और इससे पहले महिला आरक्षित रहा था।
डेढ़ दशक बाद सामान्य श्रेणी के दावेदारों के खाते में अध्यक्ष पद आया है। सीमा विस्तार के बाद डोईवाला नगर पालिका में आसपास की आठ ग्राम पंचायतें शामिल हुई थी। बता दे कि डोईवाला नगर पालिका में वर्तमान 20 वार्डों में 60764 मतदाता है।
भाजपा और कांग्रेस के भी सामान्य श्रेणी के दावेदार लंबे समय से जनता के बीच इसी आस में काम कर रहे थे कि इस बाद अनारक्षित सीट होने पर चुनाव में उतरने का मौका मिल सकता है। पिछली बार डोईवाला सीट कांग्रेस के खाते में रही थी। अब सीट ओपन होने से दावेदारों की संख्या में भी बढ़ोतरी होने की उम्मीद है।
नगर पालिका अध्यक्ष पद की सीट अनाराक्षित घोषित हुई है। पालिका स्तर पर चुनाव को लेकर सभी व्यवस्थाओं को पहले से ही पुख्ता किया जा चुका है। उच्चाधिकारियों से जैसे दिशा निर्देश मिलेंगे उसी के अनुरूप आगे की व्यवस्थाओं को बनाया जाएगा। - उत्तम सिंह नेगी, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका डोईवाला
I
I
Iवार्ड सभासदों के दावेदारों में खलबली
I
निकायों में अध्यक्ष पद का आरक्षण तय होने के बाद अब वार्डों का आरक्षण तय होना है। ऐसे में संभावित दावेदारों में खलबली मच गई है। उम्मीद यह कि जा रही है एक दो दिनों में वार्डों का आरक्षण भी सामने आ जाएगा। डोईवाला नगर पालिका के कई वार्डों में फेरबदल होना स्वाभाविक है। जिसको लेकर निवर्तमान सभासदों की नजरें घोषित होने वाले आरक्षण पर टिकी हुई।