ब्यूरो/अमर उजाला, ऋषिकेश। चारधाम यात्रा मार्ग पर सारे नियम ताक पर हैं। बगैर वर्दी पहने और चप्पल पहनकर बस संचालन पर ग्रीन कार्ड निरस्त करने की चेतावनी भी बेअसर है। आलम यह है कि डाइवर यात्रा मार्ग पर चप्पल पहनकर बस चला रहे हैं। वर्दी भी नदारद है। परिवहन विभाग का हरिद्वार और ऋषिकेश के बीच एक भी चेकपोस्ट न होने से उसका काम भी रोटेशन कर्मियों को करना पड़ रहा है। बाहरी राज्यों की बसें हरिद्वार से तीर्थयात्रियों को लेकर यात्रा मार्ग पर जा रही हैं। आरोप तो यह है कि ग्रीन कार्ड भी फर्जी सूची के जरिये हासिल किया जा रहा है।
चारधाम यात्रा का संचालन संयुक्त रोटेशन यात्रा व्यवस्था समिति के जिम्मे है। इसके तहत नौ परिवहन कंपनियां शामिल है। परिवहन विभाग और रोटेशन समिति ने यात्रा आरंभ से पहले कई बैठकें कीं। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी डा. अनिता चमोला ने सभी परिवहन कंपनियों के मालिकों और ड्राइवरों को स्पष्ट किया था कि ड्राइवर के बिना वर्दी और चप्पल पहने बस संचालित करने पर वाहनों का ग्रीन कार्ड निरस्त किया जाएगा। पूरे यात्रा सीजन के लिए भी ब्लैक लिस्टेड किए जाने की चेतावनी दी थी। लेकिन मंगलवार को बस ट्रांजिट कंपाउंड में यूके 14पीए 0434 और यूके07 पीए 2427 के ड्राइवर बिना वर्दी और चप्पल पहने बस संचालित करते दिखे।
वर्दी धोने दी हुई है
बगैर वर्दी पहने ड्राइवर से जब इसका कारण जाना गया तो उसका तर्क था कि वर्दी धोने के लिए दी हुई है। इस कारण नहीं पहन पाया।
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अभी तक सात बसें सीज
यूं तो परमिट शर्तों का उल्लंघन करने वाली बसों और उनके ग्रीन कार्ड को जांचने का काम परिवहन विभाग का है, मगर, यह कार्य रोटेशन के कर्मचारियों को करना पड़ रहा है। अभी तक रोटेशन समिति कुल सात बसों को पकड़ कर परिवहन विभाग के हवाले कर चुकी है। यह सभी बसें बाहरी राज्यों से हरिद्वार आकर तीर्थयात्रियों को भरकर यात्रा में ले जाने वाली थी।
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36 चालान किए
हम लगातार चेक पोस्ट पर चालकों की ड्रेस और जूतों की पड़ताल कर रहे हैं। बिना वर्दी के किसी भी चालक को यात्रा मार्ग पर नहीं जाने दिया जाएगा। हरिद्वार और ऋषिकेश में भी हमारा सचल दल है। इसके अलावा मंगलवार से हमारे प्रवर्तन दल लगातार नजर रख रहे है। मंगलवार को हमने कुल 36 चालान किए हैं।
- डा. अनिता चमोला, एआरटीओ
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जांच की जाएगी
बिना वर्दी के चालक का मामला मेरे संज्ञान में नहीं है। यह जानकारी आपकी ओर से मुझे मिली है। बीटीसी परिसर में उक्त नंबरों के ड्राइवरों से इसका कारण पूछा जाएगा। इस मामले में रोटेेशन समिति की ओर से जांच भी की जाएगी।
- भानु प्रकाश रांगड, अध्यक्ष संयुक्त रोटेशन यात्रा व्यवस्था समिति