नगर पंचायत स्वर्गाश्रम जौंक में आउटसोर्स पर तैनात रहे अवर अभियंता से 5.12 लाख रुपये की वसूली होगी। शहरी विकास निदेशालय की ओर से निकाय को वसूली के लिए आदेश जारी किए गए हैं।
नगर पंचायत स्वर्गाश्रम जौंक के पूर्व सभासद नवीन राणा ने निकाय में आउट सोर्स पर तैनात रहे अवर अभियंता मनमोहन सेमवाल के खिलाफ निर्माण कार्यों में वित्तीय अनियमितता कर सरकारी धन का दुरुपयोग और गबन की शिकायत की थी। इसके लिए उन्होंने शहरी विकास निदेशालय से सूचना अधिकार के तहत जानकारी भी मांगी थी।
नवीन राणा ने बताया कि शहरी विकास निदेशालय के संयुक्त निदेशक वैभव गुप्ता की ओर से उन्हें 23 मार्च को एक पत्र प्राप्त हुआ है। पत्र के माध्यम से उन्हें अवगत कराया गया है कि नगर पंचायत स्वर्गाश्रम जौंक में कार्यालय भवन में इंटर लॉकिंग टाइल्स और सौंदर्यीकरण के लिए 2,84,959.00 और योगपीठ, विद्या स्कूल से ज्योतिर्मय वाटिका की ओर इंटरलॉकिंग टाइल्स से सड़क निर्माण कार्य के लिए 2,27,368.00 समेत कुल 5,12,327.00 का अतिरिक्त भुगतान किया गया है।
इसके लिए संबंधित कार्मिक के विरुद्ध विभागीय कार्यवाही और वसूली के लिए निकाय प्रशासन को अवगत कराया गया है। उन्होंने बताया कि अवर अभियंता पालिका केन्द्रीयित सेवा के कार्मिक नहीं थे। उन्हें बिना पद, बिना शासन की अनुमति के आउटसोर्स एजेंसी के माध्यम से निकाय स्तर से अनाधिकृत रूप से प्रायोजित किया गया था।
जांच के आधार पर अतिरिक्त व्यय की गई धनराशि 5,12,327 की वसूली सेमवाल से निकाय स्तर से की जानी है। उन्होंने पौड़ी डीएम को इस प्रकरण में कार्यवाही करते हुए शासन, निदेशालय को अवगत कराने के आदेश भी दिए हैं।
-
कोट
शहरी विकास निदेशालय से उन्हें अभी कोई पत्र प्राप्त नहीं हुआ है। जैसे ही उन्हें कोई पत्र प्राप्त होता है, विभागीय स्तर पर इस ओर कार्रवाई की जाएगी। - दीपक शर्मा, अधिशासी अधिकारी, नगर पंचायत स्वर्गाश्रम जौंक