पिथौरागढ़। समूह में कितनी ताकत होती है इसे सच साबित किया है बालाकोट की 40 महिलाओं ने। इन महिलाओं ने सामूहिक डेयरी का संचालन कर आत्मनिर्भरता की तरफ कदम बढ़ाने के साथ ही अन्य महिलाओं को स्वरोजगार की राह दिखाई है। इस व्यवसाय से हर महिला आठ हजार रुपये महीना कमा रही है।
महादेव स्वायत्त संघ बालाकोट से जुड़ी इन महिलाओं को ग्रामोत्थान ने छह लाख रुपये और बैंक ने तीन लाख रुपये का सहयोग दिया। सीएलएफ की ओर से मिले एक लाख रुपये से इन महिलाओं ने सामूहिक डेयरी का संचालन शुरू किया।
कलावती देवी की अध्यक्षता में समूह से जुड़ी ये महिलाएं रोजाना 200 लीटर दूध एकत्र कर इसे बाजार में बेच रही हैं। इस व्यवसाय से हर महिला 90 से एक लाख रुपये महीना कमा रही है।
सामूहिक डेयरी के माध्यम से महिलाओं को स्वरोजगार मिला है। सुबह के समय कुछ घंटों के लिए डेयरी का संचालन करने के साथ ये महिलाएं पूरे दिन घरेलू कार्य भी कर रही हैं। अध्यक्ष कलावती देवी ने कहा कि यदि काम करने का जुनून हो तो सफलता अवश्य मिलती है।