पिथौरागढ़ में तंबाकू के खिलाफ अभियान चलाती महिलाएं।
- फोटो : अमर उजाला
विश्व तंबाकू निषेध दिवस के अवसर पर मंगलवार को यहां नेड़ा में चलाए गए जागरूकता कार्यक्रम में कहा गया कि महिलाओं को तंबाकू के खिलाफ खड़ा होना पड़ेगा। तंबाकू कैंसर, हृदयरोग, अस्थमा, अपच, उच्च रक्तचाप जैसी असाध्य बीमारियों का कारण होता है। समाजसेवी डा. तारा सिंह ने बताया कि देश में 40 लाख लोग कैंसर से पीड़ित हैं, इनमें से 30 फीसदी रोगी तंबाकू के कारण ही इस रोग की चपेट में आते हैं।
उन्होंने कहा कि यदि महिलाएं तंबाकू के खिलाफ खड़ी हो जाएं तो नई पीढ़ी को इस बुराई से बचाया जा सकता है। इस अवसर पर देवकी कोरंगा ने कहा कि मंदिर में आने वाली महिलाओं को तंबाकू के खिलाफ जागरूक करेंगी। कवि ललित शौर्य ने कहा कि तंबाकू धीमा जहर है। महिलाओं को चाहिए कि वह इस जहर से अपनी आने वाली पीढ़ी को बचाएं।
इस दौरान जानकी खड़ायत, ज्योत्सना मेहरा, अदिति उप्रेती, चित्रा बिष्ट, सोनू आंकोटी, नीतू सिंह, मेघा पंत, भावना धामी, जसोदा देवी, श्रेया कापड़ी, किरन सोराड़ी, भागीरथी सिंह, सुरेश सती, चंचल सिंह, राजीव, प्रियांशी राठौर, ईश्वर सिंह आदि थे। बुधवार को तंबाकू निषेध दिवस पर कई कार्यक्रम होंगे।