संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़। आशा कार्यकर्ताओं ने रोज अपने क्षेत्र में एक्टिव सर्विलांस ड्यूटी रिपोर्ट देने के आदेश को रद्द करने की मांग को लेकर प्रदेश सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने डीएम के माध्यम से सीएम को पत्र भेजा। उन्होंने शीघ्र मांग पूरी नहीं होने पर सड़कों पर उतरने की चेतावनी दी है।
सोमवार को आक्रोशित आशा कार्यकर्ता जिलाध्यक्ष इंद्रा देऊपा के नेतृत्व में कलक्ट्रेट में एकत्र हुईं। उन्होंने यहां सरकार के खिलाफ नारे लगाकर प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी में जो भी कार्य स्वास्थ्य विभाग की ओर से निर्धारित किए गए हैं। उसे आशा कार्यकर्ता पूरी निष्ठा के साथ कर रही हैं। सरकार ने आशा कार्यकर्ताओं को हर रोज अपने क्षेत्र की एक्टिव सर्विलांस ड्यूटी कर रोज शाम को रिपोर्ट देने के आदेश जारी किए हैं। जिसमें आशा कार्यकत्रियों को ब्लड प्रेशर, शुगर, हार्ट, सांस, टीबी, एल्कोहोलिक लीवर डिजीज, सर्दी, जुकाम, बुखार, सभी कुपोषित बच्चों का विवरण, डेंगू, मलेरिया, 65 वर्ष से ऊपर वरिष्ठ लोगों के नाम, गर्भवती ,धात्री महिलाओं का विवरण जमा करने को कहा गया है। आशा कार्यकर्ता बिना मानदेय, सुरक्षा के ये काम नहीं करेंगे। महामारी के इस काल में आशाओं को बिना मानदेय और बिना सुरक्षा के कार्य करना पड़ रहा है। ऐसे में आशाओं में संक्रमण फैलने का खतरा है। सरकार की ओर से सुरक्षा के लिए आशा कार्यकर्ताओं को कोई उपकरण नहीं दिए गए हैं। सरकार के इस फैसले का आशा कार्यकर्ता विरोध करती हैं। उन्होंने शीघ्र आदेश रद्द नहीं करने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
---::: ये रहे शामिल ::: ब्लाक अध्यक्ष डीडीहाट पिंकी कलौनी, सीमा नगरकोटी, सीमा, राजेश्वर जोशी, उमा कन्याल, निर्मला पाल मौजूद रहे।