जाजरदेवल क्षेत्र के सुजई में स्मार्ट मीटर निकालता कर्मी।
पिथौरागढ़। स्मार्ट मीटर लगाने को लेकर फिर से विवाद सामने आया है। सुजई में स्मार्ट मीटर लगाने पहुंचे कर्मियों को ग्रामीणों ने बंधक बना दिया। ग्रामीणों ने कर्मियों पर धमकाने और डराने का आरोप लगाया। कहा कि कर्मियों ने कई ग्रामीणों को एफआईआर दर्ज करने और जुर्माना लगाने की धमकी देते हुए जबरन इनके घरों में स्मार्ट मीटर लगाए। ग्रामीण युवाओं ने कर्मियों को बंधक बना लिया। जब कर्मियों ने स्मार्ट मीटर उखाड़े तब जाकर इन्हें छोड़ा गया।
सुजई की ग्राम प्रधान इंद्रा जोशी ने बताया कि बीते शुक्रवार को 10 से 15 कर्मी स्मार्ट मीटर लगाने के लिए गांव पहुंचे। उन्होंने स्मार्ट मीटर न लगाने पर एफआई दर्ज होने और जुर्माना लगाने की बात की। 30 से अधिक ग्रामीणों ने दहशत में आकर स्मार्ट मीटर लगवा लिए। जब उन्होंने कर्मियों के धमकाने की सूचना अन्य ग्रामीणों को दी तो वे भड़क गए। दूसरे दिन शनिवार को भी कर्मी स्मार्ट मीटर लगाने गांव पहुंचे तो आक्रोशित ग्रामीणों ने उन्हें बंधक बना लिया। मोहित जोशी, संजीव खत्री, कुंवर सिंह धामी, नेत्र सिंह धामी, खुशाल सिंह, मोहन चंद्र, जेएस भंडाराी सहित अन्य ग्रामीणों ने कहा कि स्मार्ट मीटर लगाने के नाम पर धमकाना गलत है। ग्रामीण अपनी मर्जी से स्मार्ट मीटर लगाएंगे। इस योजना को जबरन उन पर नहीं थोपा जा सकता। ग्रामीणों ने कर्मियों से बीते रोज लगे स्मार्ट मीटर निकालने की बात कही। जब कर्मियों ने स्मार्ट मीटर निकाले तब जाकर इन्हें छोड़ा गया।
पहले भी नगर के व्यापारियों ने लगाया था स्मार्ट मीटर के नाम पर धमकाने का आरोप
पिछले महीने भी कर्मी स्मार्ट मीटर लगाने के लिए नगर के केमू स्टेशन की दुकानों में पहुंचे। व्यापरियों ने तब भी स्मार्ट मीटर का विरोध किया। व्यापारियों का आरोप था कि कर्मियों ने स्मार्ट मीटर न लगाने पर केस दर्ज करने की धमकी दी। आक्रोशित व्यापारियों ने स्मार्ट मीटर नहीं लगाए और कर्मियों को वहां से भगा दिया था।