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नौ साल से मर्सोली-सिमलकोट सड़क पर डामरीकरण की राह देख रहे ग्रामीण

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मूनाकोट ब्लॉक के मर्सोली-सिमलकोट सड़क पर बने गड्ढे। - फोटो : PITHORAGARH
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झूलाघाट (पिथौरागढ़)। मूनाकोट ब्लॉक के एक दर्जन गांवों को जोड़ने वाली मर्सोली-सिमलकोट सड़क पूरी तरह बदहाल हो चुकी है। सड़क में बने गड्ढे वाहन चालकों के लिए दुर्घटना का कारण बने हुए हैं। ग्रामीण नौ साल से सड़क पर डामरीकरण होने का इंतजार कर रहे हैं।
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मर्सोली-सिमलकोट सड़क पर पिछले नौ सालों से डामर नहीं हुआ है। एक साल पहले क्षेत्र के ग्रामीणों ने सड़क की दुर्दशा को लेकर लोक निर्माण विभाग को पत्र लिखा था। विभाग ने सड़क पर डामरीकरण का आश्वासन भी दिया था। जनवरी 2021 आ गया लेकिन डामरीकरण को लेकर कोई कार्य नहीं हुआ।
हल्की बारिश में गड्ढों में भर जाता है पानी
मूनाकोट ब्लॉक के आनू, रिखाई, खड़ायत गांव, सिमलकोट और खतेड़ा गांवों को जोड़ने वाली सड़क के बुरे हाल हैं। हल्की बारिश में सड़क के गड्ढे तालाब बन जाते हैं। नवोदय स्कूल से सिमलकोट तक सड़क पर रोज 50 से अधिक वाहन चलते हैं। सिमलकोट सड़क पर सेना का वन आर्चर बटालियन कैंप भी है। इसके बावजूद एक साल पहले सड़क सुधार का आश्वासन मिलने के बाद भी एक इंच काम आगे नहीं बढ़ा।
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लोनिवि में करेंगे आंदोलन
झूलाघाट। क्षेत्र पंचायत सदस्य नरेश कुमार, सामाजिक कार्यकर्ता उमेश नगरकोटी, एडवोकेट आनंद सिंह बिष्ट ने डामरीकरण का मामला कई बार क्षेत्रीय विधायक और विभाग के सामने रखा। इसके बावजूद सिर्फ कोरे आश्वासन ही मिले हैं। उनका कहना है कि जल्द ही सड़क की मरम्मत का कार्य शुरू नहीं किया गया तो ग्रामीण आंदोलन करेंगे।
सड़क पर बने गड्ढे को जल्द भर दिया जाएगा। सड़क का प्रस्ताव शासन से पास हो गया है। सड़क में मई जून तक डामरीकरण कर दिया जाएगा। - सीपी सिंह, अधिशासी अभियंता, लोनिवि, पिथौरागढ़।
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