झूलाघाट में खड़ा गैस सिलिंडर से भरा वाहन
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सीमावर्ती क्षेत्र के एक दर्जन से अधिक गांवों को गैस गोदाम का लाभ नहीं मिल पाया है। लंबी समय से उठ रही मांग के बाद गोदाम तो शुरू कर दिया गया, लेकिन रास्ता खराब होने से गोदाम में आपूर्ति नहीं हो पा रही है। पहले दिन ही आपूर्ति के लिए गया वाहन बैरंग लौट आया।
झूलाघाट से लगे कानड़ी, सीमू, सप्तड़ी, बलतड़ी, ध्याड़, तड़ीगांव, बनाड़ा, जमीरपानी, खरक्यूड़ा, मजिरकांडा, गौरीहाट, जुलगांव, गेठिगाड़ा, तालेश्वर आदि गांवों के लोगों को गैस सिलिंडरों की सुविधा देने के लिए बीएडीपी के तहत कुमंविनि का गैस गोदाम खोला गया है। बृहस्पतिवार को एजेंसी का वाहन गोदाम के लिए 234 सिलिंडर का स्टाक लेकर पहुंचा, लेकिन रास्ता न होने से वाहन गोदाम में नहीं जा पाया।
आखिरकार वाहन को लौटना पड़ा। इससे गांवों को रसोई गैस की आपूर्ति भी नहीं हो पाई। गैस सिलिंडर लेने आए कई ग्रामीणों को खाली हाथ लौटना पड़ा। एजेंसी प्रबंधक उषा राणा ने बताया कि बारिश के चलते गोदाम का संपर्क मार्ग कीचड़ से पट चुका है। इससे वाहन गोदाम में नहीं जा सका। संपर्क मार्ग बहाल होने के बाद गोदाम से आपूर्ति शुरू कर दी जाएगी।