उधार की रकम नहीं लौटा पाने के कारण एक व्यक्ति ने कर्जदाता की हत्या की साजिश रच डाली। पुलिस ने साजिश में शामिल एक युवक को तमंचा और दो जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस साजिश में शामिल अन्य दो आरोपियों की गिरफ्तारी में जुटी है।
बनबसा के होटल व्यवसायी नवी अंसारी पुत्र मोहम्मद अंसारी ने पुलिस को दी तहरीर में कहा है कि कुछ लोग उसके छोटे भाई मोहम्मद रफी की हत्या की साजिश रच रहे हैं। उसने बताया कि उसके भाई ने तीन किश्तों में विनोद गुप्ता पुत्र बनवारी लाल को 16 लाख रुपए उधार दिए थे। जब उसने रकम वापस मांगी तो वह आनाकानी करने लगा और उसने रफी की हत्या की साजिश रच डाली। थानाध्यक्ष पीएस दानू ने बताया कि विनोद गुप्ता ने अपने नौकर संजय श्रीवास्तव पुत्र राजेंद्र श्रीवास्तव के साथ मिलकर रफी की हत्या के लिए खटीमा निवासी राकेश वाल्मीकि पुत्र स्व. रामभरोसे से 95 हजार में सौदा तय किया था। नवी ने मामले में विनोद गुप्ता, संजय श्रीवास्तव और राकेश वाल्मीकि को नामजद किया था। जिस पर
पुलिस ने संजय श्रीवास्तव को 315 बोर का तमंचा और दो जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार करने के बाद आईपीसी की धारा 115 के साथ 4/25 आर्म्स एक्ट में जेल भेज दिया है। थानाध्यक्ष के कहा है कि साक्ष्य जुटाने के बाद मामले में अन्य आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।