जौलजीबी मेले में सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करते कलाकार
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जौलजीबी मेला और विकास प्रदर्शनी की दूसरी शाम भी रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम हुए। प्रसिद्ध गायिका स्व.कबूतरी देवी की पुत्री हेमा के ‘आज पनि झौं झौं भौल पनि झौं झौं...पोरखिन त न्हैं झूला’ गीत पर दर्शक मंत्रमुग्ध हो गए।
बृहस्पतिवार शाम कला संगीत विकास समिति के टीम लीडर चंचल रावत और हेमा देवी ने शिव वंदना से सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शुरुआत की।
इसके अलावा नेपाली और अन्य पहाड़ी गीतों की मनमोहक प्रस्तुति दी गई। संचालन लक्ष्मण सिंह बिष्ट, करन थापा और शंकर भट्ट ने किया। कुमाऊंनी और नेपाली गीतों की प्रस्तुति पर पंडाल में बैठे दर्शक भी थिरक उठे। सांस्कृतिक कार्यक्रम देर रात तक हुए।
बेबी शो प्रतियोगिता हुई
जौलजीबी। स्कूली बच्चों की शुक्रवार को प्रतियोगिताएं हुई। तीन से पांच वर्ष तक के बच्चों की बेेबी शो प्रतियोगिता में दिव्यांशी को पहला पुरस्कार मिला। याशिता दूसरे और प्राची तीसरे नंबर पर रहीं। छह माह से एक वर्ष तक के बच्चों की बेबी शो प्रतियोगिता में श्रद्धा, माहिरा और सिद्धार्थ प्रथम, द्वितीय, तृतीय स्थान पर रहे। एक से तीन वर्ष तक के बच्चों की प्रतियोगिता में काव्या, तेजस, युवराज विजेता रहे। फैंसी शो में आरोही को पहला स्थान मिला।
25 नवंबर तक होगी रिवर राफ्टिंग
जौलजीबी। जौलजीबी मेला एवं विकास प्रदर्शनी के अवसर पर काली नदी में कुमाऊं मंडल विकास निगम की ओर से रिवर राफ्टिंग कराई जा रही है। शुक्रवार को भी विकासखंड के विभिन्न स्कूलों के बच्चों को रिवर राफ्टिंग कराई गई। रिवर राफ्टिंग का प्रशिक्षण लेने पहुंचे बच्चों को हिमालय बचाओ की शपथ भी दिलाई गई। केएमवीएन के प्रबंधक दिनेश गुरुरानी ने बताया कि 25 नवंबर तक राफ्टिंग कराई जाएगी। धारचूला विकासखंड के छात्र-छात्राएं विद्यालयों में पंजीकरण करा सकते हैं।