मूनाकोट के पास एक गुफा के अंदर से तेंदुए का शव मिला है। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने शव को कब्जे में ले लिया। तेंदुए की मौत चार-पांच दिन पहले हो गई थी। उसका शव सड़ गया था। गुफा के पास से आने जाने वालों को जब दुर्गंध महसूस हुई तो उन्होंने गुफा के पास जाकर देखा। वहां पर तेंदुआ मरा हुआ था।
वन रेंजर दिनेश चंद्र जोशी ने बताया कि नर तेंदुए की उम्र करीब दस साल की थी। उसके शरीर पर चोट का कोई निशान नहीं मिला। पोस्टमार्टम में तेंदुए की मौत बीमारी से होने की पुष्टि हुई है। वन विभाग की टीम ने शव को दफना दिया है। वन रेंजर जोशी ने बताया कि बीमारी के कारण अशक्त होने से तेंदुए ने मूनाकोट के पास एक पहाड़ी पर बनी छोटी सी गुफा में शरण ले रखी थी। वहीं पर उसकी मौत हो गई। मूनाकोट क्षेत्र में तेंदुए काफी संख्या में दिखाई देते हैं। पिछले दिनों एक तेंदुआ खेतों के लिए बनाई गई तार-बाड़ में फंस गया था। उसे सुरक्षित निकाल लिया गया था। लोगों के घरों के पास भी अक्सर तेंदुए पहुंच जाते हैं।