पिथौरागढ़ में बाइक की पीछे की सीट पर बिना हेलमेट के पुलिसकर्मी
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जिले में नया ट्रैफिक प्लान लागू करने का जिला प्रशासन का दावा धरा रह गया है। खुद पुलिस कर्मी नए ट्रैफिक प्लान की हवा निकाल रहे हैं। जिले की पुलिस और परिवहन विभाग को जिलाधिकारी के आदेश की परवाह नहीं है।
27 अप्रैल को जिलाधिकारी सी रविशंकर ने जिला स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में एक मई से जिले में नया ट्रैफिक प्लान लागू करने का ऐलान किया था। बैठक में जिलाधिकारी ने कहा था कि दोपहिया वाहन में चालक और पीछे बैठने वाले सवारी को हेलमेट पहननी होगी। एक मई को इस नियम का पालन नहीं हुआ। दो मई को भी पुलिस, परिवहन विभाग इस नियम को लागू कराने में नाकाम रहा है। जिला मुख्यालय में खुद पुलिस कर्मी बगैर हेलमेट वाले साथी पुलिस कर्मी को ढोते नजर आए। यानि कि दोनों सवारियों के हेलमेट पहनने के नियम का पुलिस भी पालन नहीं कर रही है।
हाइकोर्ट ने दोपहिया वाहनों में दोनों सवारियों के लिए हेलमेट अनिवार्य किया है। इस नियम का कभी भी इस जिले में पालन नहीं हुआ। जिलाधिकारी ने ओवर लोडिंग, ओवर स्पीड, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का प्रयोग रोकने के भी आदेश दिए थे। इन नियमों का भी पालन होते नहीं दिख रहा है। जिलाधिकारी ने नए ट्रैफिक प्लान का खाका खींचा तो लगा था कि अब नियमों का पालन होगा। हेलमेट न होने के चलते जान जाने की घटनाओं पर अंकुश लगेगा, लेकिन जब पुलिस ही यातायात नियमों का मखौल उड़ाए तो आम लोगों से कैसे यातायात नियमों का पालन करने की उम्मीद की जा सकती है।
नए ट्रैफिक प्लान का सख्ती से पालन कराया जाएगा। कोई उल्लंघन कर रहा है तो उसे कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। 15 मई से सीपीयू काम करने लगेगी। ट्रैफिक नियमों का पालन हर हाल में होगा। -सी रविशंकर, जिलाधिकारी पिथौरागढ़।