पिथौरागढ़। तीतरी में बहुउद्देश्यीय सिंचाई नहर का पहला चरण पूरा होने पर क्षेत्रवासियों में खुशी की लहर है। उन्होंने उम्मीद जताई है कि जल्द ही नहर का लाभ अन्य क्षेत्रों को भी मिलने लगेगा।
वर्ष 2013 की आपदा में नहर ध्वस्त हो गई थी। दूसरे चरण का काम पूरा होने पर किसानों को धान की फसल फिर से लहलहाने की उम्मीद है।
तीतरी में धान और गेहूं सहित अन्य फसलों की अच्छी पैदावार होती है। वर्ष 2013 की आपदा में तीन किमी लंबी सिंचाई नहर ध्वस्त हो गई थी। इसके बाद लोगों को रोपाई में परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।
कनालीछीना के कनिष्ठ उपप्रमुख ललित पाल ने बताया कि सिंचाई नहर सुधारने की मांग सात साल से की जा रही थी। मार्च 2021 में सिंचाई नहर के पहले चरण का काम शुरू किया गया है, जो पूरा हो चुका है। द्वितीय चरण का टेंडर भी हो चुका है।
इसमें तल्ला-मल्ला सेरा तक काम होना है। काम पूरा होने पर 300 से अधिक परिवारों को लाभ मिलेगा। विभाग भी नहर कार्य कराने में जुटा है। धान का कटोरा कहलाने वाले तल्लाबगड़ के तीतरी में फिर से धान की फसल लहलहाएगी।
इसके लिए ग्राम प्रधान भूपेंद्र टम्टा, क्षेत्र पंचायत कमला ललित पाल, पूर्व प्रधान मनोहर सिंह, खुशहाल धामी, राम सिंह धामी, ललित धामी, भरत धामी, भवानी धामी आदि ने पेयजल मंत्री बिशन सिंह चुफाल का आभार जताया है।