पिथौरागढ़। सदर की रामलीला में चौथे दिन राम के राज्याभिषेक के उद्घोषणा से राम-लक्ष्मण सीता के वन गमन तक हुई। मुख्य अतिथि डॉ. अशोक पंत, व्यापार संघ अध्यक्ष तपन रावत, उपाध्यक्ष अजय रावत, रोहित चौहान, कोषाध्यक्ष मुकेश महर रहे।
बुधवार को राम का राज्य अभिषेक का उद्घोषणा सुनकर दासी मंथरा जल भुन जाती है। मंथरा रानी कैकई के पास जाकर उसके कान भरती है, जिसे सुनकर कैकई कुपित होकर कोपभवन में चली जाती है। राजा दशरथ को जब इसका पता चलता है तो उसे मनाने पहुंचते हैं और सुमुखि सुलोचनी प्राण पियारी..... कहकर मनाने का प्रयास करते हैं और कैकई को राम को 14 वर्ष का वनवास देने का वचन देते हैं।
इसके बाद राम सीता, राम कौशल्या, राम-लक्ष्मण, लक्ष्मण-सुमित्रा संवाद के दृश्यों का मंचन किया गया। राम सीता और लक्ष्मण के साथ वन चले जाते हैं। दशरथ की भूमिका में सीबी जोशी, कैकई की जगदीश डसीला, कौशल्या की हर्षित जोशी, सुमित्रा की कार्तिक पांडेय ने निभाई।